कांग्रेस में सियासी हलचल पर विराम? – चर्चा रही सकारात्मक

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September 17, 2026

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-खरगे-राहुल से मुलाकात के बाद बोले शशि थरूर

नई दिल्ली/उमा सक्सेना/-   कांग्रेस पार्टी के अंदरूनी समीकरणों को लेकर चल रही अटकलों के बीच गुरुवार को एक अहम राजनीतिक तस्वीर सामने आई, जब वरिष्ठ नेता और सांसद शशि थरूर ने पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी से मुलाकात की। इस बैठक के बाद थरूर ने मीडिया से संक्षिप्त बातचीत में मुस्कुराते हुए कहा कि “सब कुछ ठीक है” और चर्चा बेहद रचनात्मक रही। उनके इस बयान को पार्टी में जारी मतभेदों पर विराम लगाने वाला संकेत माना जा रहा है।

नेतृत्व संग बातचीत से निकला सकारात्मक संदेश
सूत्रों के मुताबिक संसद परिसर में हुई यह बैठक संगठनात्मक मुद्दों और हालिया राजनीतिक गतिविधियों को लेकर थी। थरूर ने साफ किया कि पार्टी नेतृत्व के साथ उनकी सोच में किसी तरह का टकराव नहीं है और सभी एकजुट होकर आगे बढ़ने को प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने बातचीत को ‘सार्थक’ बताते हुए कहा कि संवाद से ही हर गलतफहमी दूर होती है।

पिछले कुछ समय से उठ रहे थे सवाल
गौरतलब है कि बीते महीनों में थरूर और शीर्ष नेतृत्व के बीच दूरी की खबरें चर्चा में थीं। कुछ कार्यक्रमों में उनकी अनुपस्थिति और अलग रुख अपनाने को लेकर पार्टी गलियारों में कयास लगाए जा रहे थे। हालांकि, थरूर लगातार यह कहते रहे हैं कि वे वर्षों से कांग्रेस के साथ मजबूती से जुड़े हैं और पार्टी लाइन से कभी अलग नहीं हुए।

प्रधानमंत्री की तारीफ से बढ़ी थी सियासी चर्चा
राजनीतिक हलकों में हलचल तब तेज हुई थी जब थरूर ने कुछ मौकों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कामकाज की सराहना की थी। इसके बाद उन्हें लेकर कई तरह की अफवाहें फैलने लगी थीं, यहां तक कि दल बदल की अटकलें भी लगाई जाने लगीं। हालांकि उन्होंने इन बातों को सिरे से खारिज करते हुए कहा था कि राष्ट्रीय हित में सकारात्मक बात कहना किसी दल विशेष का समर्थन नहीं होता।

एकजुटता का संदेश देने की कोशिश
अब राहुल गांधी और खरगे के साथ मुलाकात के बाद पार्टी के भीतर एकजुटता का संदेश देने की कोशिश साफ नजर आ रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बैठक कांग्रेस के अंदर सामंजस्य मजबूत करने और आगामी रणनीति तय करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

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