XL-VIIIY फंड बहाली की मांग तेज — मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को लिखा पत्र

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 7, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

XL-VIIIY फंड बहाली की मांग तेज — मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को लिखा पत्र

नई दिल्ली/उमा सक्सेना/-    दिल्ली नगर निगम शिक्षा समिति के डिप्टी चेयरमैन एवं वार्ड संख्या 127, नजफगढ़ से निगम पार्षद अमित खरखड़ी ने राजधानी की अनाधिकृत कॉलोनियों में विकास कार्यों को पुनः गति देने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को एक औपचारिक पत्र लिखकर XL-VIIIY फंड को तत्काल प्रभाव से पुनः चालू करने की मांग की है। 

यह फंड पहले दिल्ली सरकार द्वारा निगम को प्लान हेड के रूप में उपलब्ध कराया जाता था, जिसका उपयोग अनाधिकृत कॉलोनियों में नालियों, सड़कों और आधारभूत ढांचे के निर्माण एवं मरम्मत कार्यों के लिए किया जाता था। लेकिन पिछली आम आदमी पार्टी सरकार के कार्यकाल में इस फंड को बंद कर दिया गया, जिसके बाद से निगम पार्षद अपने क्षेत्रों में विकास संबंधी कार्यों को अंजाम देने में असमर्थ हो गए हैं।

अनाधिकृत कॉलोनियों में आधारभूत सुविधाओं का संकट, पार्षदों के पास संसाधनों की भारी कमी
पत्र में अमित खरखड़ी ने स्पष्ट किया कि दिल्ली सरकार द्वारा कई योजनाएं शुरू की गई हैं जो सराहनीय हैं, परंतु अनाधिकृत कॉलोनियों में विकास कार्यों की अनुपलब्धता ने वहां के निवासियों के जीवन को अत्यंत कठिन बना दिया है। सड़कों पर जलभराव, टूटी नालियां, बदहाल गलियां और जाम सीवरेज व्यवस्था जैसी समस्याएं लगातार बढ़ती जा रही हैं, लेकिन फंड उपलब्ध न होने के कारण पार्षद तत्काल समाधान करने में असमर्थ हैं। उनका कहना है कि पहले XL-VIIIY फंड होने से पार्षद संकट की घड़ी में कार्यवाही कर पाते थे, लेकिन फंड बंद होने के बाद स्थानीय निकाय के पास अनुमति और संसाधन दोनों की कमी हो गई है।

“अनाधिकृत कॉलोनियों के भी नागरिक हैं बराबर अधिकार के हकदार” — अमित खरखड़ी
अमित खरखड़ी ने अपने बयान में कहा कि अनाधिकृत कॉलोनियों में रहने वाले लाखों लोग भी दिल्ली के ही नागरिक हैं, और उन्हें भी उतनी ही सुविधाएं मिलनी चाहिए जितनी नियमित कॉलोनियों में दी जाती हैं। उन्होंने कहा कि, “जब निगम के पास फंड नहीं होता, तो गंदगी, जलभराव और टूटी सड़कों जैसी परेशानियों का सामना आम जनता को करना पड़ता है, और सभी शिकायतें पार्षदों तक पहुंचती हैं, लेकिन संसाधनों के बिना समाधान असंभव हो जाता है।”

विकास कार्यों की बहाली से सुधरेगी व्यवस्था, बढ़ेगा जनता का विश्वास
खरखड़ी ने आशा व्यक्त की कि XL-VIIIY फंड बहाल होते ही सड़कों, नालियों, जल निकासी व्यवस्था और सफाई तंत्र में तेजी से सुधार किया जा सकेगा। इससे न केवल नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार होगा बल्कि दिल्ली को स्वच्छ और सुंदर बनाने की दिशा में भी एक सशक्त कदम साबित होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मांग केवल उनके वार्ड के लिए नहीं बल्कि पूरी दिल्ली के उन पार्षदों की आवाज है जो फंड के अभाव में विकास कार्य शुरू नहीं कर पा रहे हैं।

नई सरकार से सकारात्मक निर्णय की उम्मीद
नगर निगम सदन में भी यह मुद्दा उठाए जाने का उल्लेख करते हुए खरखड़ी ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि नई दिल्ली सरकार जनता की समस्या को समझते हुए इस दिशा में शीघ्र और सकारात्मक निर्णय लेगी। उन्होंने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से आग्रह किया है कि इस फंड को पुनः लागू करके न केवल पार्षदों को राहत दी जाए, बल्कि उन लाखों नागरिकों को भी राहत मिले जो बेहतर व्यवस्था की उम्मीद लगाए बैठे हैं।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox