
नजफगढ़ मेट्रो न्यूज/द्वारका/शिवकुमार यादव : दिल्ली में रंगदारी के लिए फायरिंग कराने के मामले में क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को पकड़ा है. मामला नजफगढ़ के नया बाजार स्थित भवाना मेडिकोज पर 19 सितंबर को हुई फायरिंग से जुड़ा है. पुलिस की जांच के अनुसार, एक प्रॉपर्टी डील से जुड़े विवाद में पीड़ित परिवार से कथित तौर पर पांच करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी. इसी रकम को लेकर परिवार के सदस्य को निशाना बनाने की साजिश रची गई. पुलिस ने हथियारों की व्यवस्था करने, शूटर और बाइक सवार को तैयार करने तथा हमले को अंजाम देने में कथित रूप से शामिल लोगों की भूमिका का पता लगाया है.
क्राइम ब्रांच के अनुसार, 19 सितंबर 2026 को रात करीब 8:30 बजे दो लोग मोटरसाइकिल से भवाना मेडिकोज पहुंचे थे. इनमें से एक ने दुकान पर मौजूद संजय कुमार रोहिल्ला पर गोली चलाई, लेकिन गोली उन्हें नहीं लगी. इसके बाद दोनों मौके से फरार हो गए. जांच में सामने आया कि हमले के पीछे कथित रंगदारी की साजिश थी.
हथियारों की खरीद से हमले तक
पुलिस के मुताबिक, मामले में गिरफ्तार आरोपियों में आशीव राठी उर्फ आशु, मनजीत, हरि प्रकाश उर्फ काला, ज्योति प्रकाश उर्फ ज्योति उर्फ बाबा, राहुल और साहिल उर्फ पिंटू शामिल हैं. जांच में इनके कथित तौर पर अलग-अलग काम सामने आए हैं. किसी पर अवैध हथियारों की खरीद और सप्लाई का आरोप है, तो किसी पर हमले के लिए लोगों की भर्ती करने और फायरिंग को अंजाम देने में शामिल होने का. जांच के अनुसार, आशीव राठी ने मध्य प्रदेश के खरगोन से तीन देसी सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल और 10 कारतूस हासिल किए थे.
मनजीत पर हथियार खरीदने के लिए डेढ़ लाख रुपये की व्यवस्था करने का आरोप है. पुलिस का कहना है कि बाद में दो पिस्तौल और सात कारतूस साहिल उर्फ पिंटू तक पहुंचाए गए. साहिल पर आरोप है कि उसने हरि प्रकाश उर्फ काला और राहुल को हमले के लिए तैयार किया. पुलिस के मुताबिक, 19 सितंबर को राहुल मोटरसाइकिल चला रहा था, जबकि पीछे बैठे हरि प्रकाश ने कथित तौर पर गोली चलाई. जांच में यह भी सामने आया कि गोली चलाने के बाद पिस्तौल जाम हो गई थी, जिसके बाद दोनों फरार हो गए.
कपिल सांगवान उर्फ नंदू से कथित कनेक्शन की जांच

क्राइम ब्रांच की जांच में गैंगस्टर कपिल सांगवान उर्फ नंदू और जर्मनी में रह रहे नवीन देशवाल के कथित संबंधों की भी पड़ताल की जा रही है. पुलिस के अनुसार, नवीन देशवाल के माध्यम से हमले से जुड़े निर्देश दिए जाने की बात सामने आई है, जिन्हें कपिल सांगवान से जुड़ा बताया गया है. हालांकि, इन कथित निर्देशों और आरोपियों के बीच संपर्क की स्वतंत्र साक्ष्यों से पुष्टि की जा रही है. दोनों की भूमिका और अन्य संभावित सहयोगियों की संलिप्तता की जांच जारी है. गिरफ्तार ज्योति प्रकाश उर्फ ज्योति उर्फ बाबा पर अपने भाई कपिल सांगवान के साथ प्रस्तावित हमले को लेकर संपर्क में रहने का आरोप है. पुलिस उसके संवाद और कथित साजिश में भूमिका की भी जांच कर रही है.
एक पिस्तौल, कारतूस और कार बरामद
पुलिस के अनुसार, आशीव राठी के कब्जे से एक पिस्तौल और तीन कारतूस बरामद किए गए. राहुल की निशानदेही पर मामले से जुड़ी एक अन्य पिस्तौल भी बरामद होने की बात कही गई है. इसके अलावा, राहुल के इस्तेमाल के लिए कथित तौर पर उपलब्ध कराई गई किआ सोनेट कार भी जब्त की गई है. हालांकि, फायरिंग में इस्तेमाल हुई पिस्तौल की बरामदगी अभी बाकी है. क्राइम ब्रांच का कहना है कि जांच में हथियारों की सप्लाई, हमले के लिए धन की व्यवस्था और आरोपियों के बीच संपर्क की कड़ियों का पता चला है. पुलिस इन तथ्यों का स्वतंत्र साक्ष्यों से मिलान कर रही है.
क्राइम ब्रांच के स्पेशल कमिश्नर ऑफ पुलिस हरगोबिंदर सिंह ढिल्लों के अनुसार, मामले में छह आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद कथित रंगदारी की साजिश, हथियारों की खरीद और हमले को अंजाम देने वाले नेटवर्क की महत्वपूर्ण कड़ियों का पता चला है. पुलिस अब फरार या अन्य संभावित सहयोगियों की भूमिका स्थापित करने, फायरिंग में इस्तेमाल हथियार बरामद करने और पूरे नेटवर्क की जांच करने में जुटी है.





More Stories
बादली में मेधावी विद्यार्थियों और खिलाड़ियों को किया सम्मानित
विपक्ष मुख्यमंत्री की साड़ी, चप्पल और व्यक्तिगत गतिविधियों पर नजर रखने में व्यस्त है; जानिए क्यों बिफरी रेखा गुप्ता
संस्कारवान परिवार ही सशक्त समाज का आधार : तोखन साहू
देवप्रयाग इलाके में कार गिरी, 2 की मौत 3 घायल
दिल्ली में सेक्सटॉर्शन साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़, चार आरोपी गिरफ्तार
चांदनी चौक में मोबाइल फोन के नाम पर ठगी का पर्दाफाश, चार आरोपी गिरफ्तार