दिल्ली में गांवों के नाम बदलने को लेकर भाजपा की सियासत गर्माने की तैयारी

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

September 2026
MTWTFSS
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930 
September 25, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

दिल्ली में गांवों के नाम बदलने को लेकर भाजपा की सियासत गर्माने की तैयारी

-भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने दिल्ली सरकार को भेजा 40 गांवों के नाम बदलने का प्रस्ताव
-कहा- दिल्ली वालों को गुलामी की याद दिलाने वाले नाम मंजूर नही
नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/भावना शर्मा/- भाजपा ने निगम एकीकरण के बाद अब नये सिरे से दिल्ली की सियासत को गर्माने की तैयारी कर ली है। इस बार भाजपा दिल्ली के गांवों के नाम बदलने को लेकर आम आदमी पार्टी पर दबाव बना रही है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदेश कुमार गुप्ता ने दिल्ली के करीब 40 गांवों के नाम यह कहकर बदलने का प्रस्ताव दिल्ली सरकार को दिया है कि दिल्लीवासियों को गुलामी के प्रतीक नाम मंजूर नही है। ग्रामीण चाहते है कि उनके गांवों के नाम शहीदों, बलिदानियों, क्रांतिकारियों, समाजसेवियों व अन्य महान विभूतियों के नाम पर हों।
                 आदेश गुप्ता ने मीडिया से बातचीत में कहा कि इस सूची में बेगमपुर, सदैला जॉब, फतेहपुर बेरी, हौजखास, शेख सराय, जिया सराय, नेब सराय, अर्द्धचिनी, जाफरपुर कलां, काजीपुर, नसीरपुर, मिर्जापुर, हसनपुर, गालिबपुर, ताजपुर खुर्द व नजफगढ़ के अलावा 40 ऐसे गांवों के नाम शामिल हैं जिन्हें बदलने की मांग गांव वाले लंबे समय से करते आ रहे हैं।    
                 भाजपा के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने बृहस्पतिवार को दिल्ली के 40 गांवों के नाम बदलने के लिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को पत्र लिखा। भाजपा ने स्वतंत्रता सेनानियों, कलाकारों, दंगों में मारे गए अंकित शर्मा व रतनलाल, बटला हाउस में शहीद हुए मोहनचंद शर्मा, कारगिल युद्ध के नायक कैप्टन विक्रम बत्रा, गायक लता मंगेशकर, मोहम्मद रफी, क्रिकेटर यशपाल शर्मा और मिल्खा सिंह के नाम पर गांवों का नाम रखने का प्रस्ताव दिया है। उन्होंने कहा कि गांव की पंचायतों से परामर्श और लोगों से रायशुमारी करने के बाद नाम बदलने का फैसला लिया गया है। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने उम्मीद जताई है कि प्रस्ताव पर मुख्यमंत्री गंभीरता से विचार करेंगे।
                  उन्होंने कहा कि भारत और दिल्ली आज आजादी के 75वें वर्ष को अमृत महोत्सव के रूप में मना रही है। ऐसे में दिल्ली का कोई भी युवा नहीं चाहेगा कि प्रदेश में गुलामी के प्रतीक नाम हो। इसलिए गांव वालों ने आगे आकर मोहम्मदपुर गांव का नाम बदलकर माधवपुरम करने का फैसला किया, जिस पर कल मुहर लगाई गई। इस आशय का प्रस्ताव पारित किया गया था, जिसे मंजूरी के लिए दिल्ली सरकार के पास भेजा गया था, लेकिन पिछले छह महीने में सरकार ने कुछ नहीं किया।
               गुप्ता ने बताया कि अटलग्राम, कप्तान विक्रम बत्रा ग्राम, मोहन चंद शर्मा, लता मंगेशकर, मिल्खा सिंह, यशपाल शर्मा, रामनाथ गोयनका, अशफाक उल्लाह खान, अंकित शर्मा, मंगल पांडेय, लक्ष्मीबाई, बिस्मिल्लाह खान, मोहम्मद रफी, सर छोटूराम, परशुराम, रविदास, वाल्मीकि समेत आदि गांवों के नाम अन्य महान विभूतियों के नाम पर रखने का प्रस्ताव है।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox