अवैध हथियारों के साथ गैंग सहयोगी गिरफ्तार, संभावित वारदात टली

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 20, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

नई दिल्ली/उमा सक्सेना/-  राजधानी में संगठित अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत द्वारका जिला पुलिस की एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड (AATS) ने बड़ी सफलता हासिल की है। दिल्ली पुलिस की टीम ने कुख्यात गैंगस्टर काला जठेड़ी उर्फ संदीप तथा उसके सहयोगी ओम प्रकाश उर्फ काला झरोड़िया गिरोह से जुड़े एक सक्रिय सदस्य को अवैध हथियारों के साथ दबोच लिया। आरोपी के कब्जे से दो सेमी-ऑटोमैटिक देसी पिस्तौल और पांच जिंदा कारतूस बरामद किए गए, जो इस्तेमाल के लिए तैयार हालत में थे। पुलिस का दावा है कि समय रहते कार्रवाई कर एक लक्षित हमले की साजिश को नाकाम कर दिया गया।

खुफिया सूचना पर बिछाया जाल
21 फरवरी 2026 को मिली गोपनीय सूचना के आधार पर AATS टीम ने द्वारका नाला रोड, मेट्रो पिलर नंबर P-9, हरि विहार के पास जाल बिछाया। मौके से 19 वर्षीय मनीष उर्फ मिशु, निवासी झरोड़ा कलां, दिल्ली को गिरफ्तार किया गया। तलाशी लेने पर उसके पास से दो अत्याधुनिक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल और पांच कारतूस बरामद हुए।

संगठित गिरोह से जुड़ाव और आपराधिक पृष्ठभूमि
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आरोपी पूर्व में आर्म्स एक्ट के मामलों में संलिप्त रहा है। हाल ही में वह एक अन्य मामले में गिरफ्तार हुआ था और जेल में रहने के दौरान उसकी फिर से गैंग के सदस्यों से संपर्क स्थापित हुआ। पुलिस के अनुसार, उसे गिरोह के लिए शूटर के रूप में काम करने के लिए तैयार किया जा रहा था। इस संबंध में थाना थाना द्वारका नॉर्थ में आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत नया मामला दर्ज किया गया है।

अंतरराज्यीय हथियार आपूर्ति नेटवर्क का खुलासा
पूछताछ में आरोपी ने खुलासा किया कि उसने करीब दो से ढाई सप्ताह पहले तीन पिस्तौल और लगभग दस जिंदा कारतूस हासिल किए थे। एक अन्य हथियार उसके सहयोगी के पास बताया गया है, जिसकी तलाश जारी है। जांच में यह भी सामने आया कि हथियार मध्य प्रदेश के खरगोन क्षेत्र से अवैध सप्लाई चैन के जरिए दिल्ली लाए गए थे। पुलिस अब इस अंतरराज्यीय नेटवर्क की कड़ियां जोड़कर पूरे गिरोह को ध्वस्त करने की दिशा में काम कर रही है।

अधिकारियों का कहना है कि “नो गन्स, नो गैंग्स” अभियान के तहत अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। समय पर की गई इस गिरफ्तारी से संभावित बड़ी आपराधिक घटना को टाल दिया गया है।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox