इस्कॉन द्वारका में विशाल गोवर्धन पूजा महामहोत्सव

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September 18, 2026

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इस्कॉन द्वारका में विशाल गोवर्धन पूजा महामहोत्सव

–गोवर्धन पूजा में हलवे और चावल का भोग भक्तों में वितरित –गिरीराज जी महाराज को 1008 व्यंजनों का भोग लगाया गया –गोवर्धन पर्वत पर दूध और फूलों के हार चढ़ा गूँजी भक्तों की जय-जयकार


नई दिल्ली/अनीशा चौहान/-
कार्तिक मास के पर्वों की श्रृंखला में हाल ही में दीपावली के पावन अवसर को धूमधाम से मनाने के बाद शनिवार को भक्तों का उत्साह गोवर्धन पूजा में देखने लायक था। दिल्ली के इस्कॉन द्वारका स्थित श्री श्री रुक्मिणी द्वारकाधीश मंदिर में शनिवार की दोपहर को गोवर्धन पूजा महामहोत्सव का आयोजन हुआ, जिसमें गिरीराज जी महाराज को 1008 प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया गया।

भक्तों ने 12 फीट ऊँचे गोवर्धन पर्वत का निर्माण किया और उसे दूध की धार से अभिषेक कर, फूलों के हार से सजाया। गिरीराज जी की जय-जयकार से मंदिर परिसर गूँज उठा। कई भक्त, जो इस कार्तिक मास में वृंदावन की यात्रा पर नहीं जा सके थे, उन्होंने इस्कॉन द्वारका के इस आयोजन में सम्मिलित होकर गिरीराज की परिक्रमा का लाभ प्राप्त किया। हलवा, चावल, खीर, रसगुल्ला, गुलाब जामुन, जलेबी, रबड़ी, पेड़ा, मालपुआ, बरफी सहित विभिन्न प्रकार के व्यंजनों का भोग गिरीराज जी को अर्पित किया गया।

सुबह 8 बजे से श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन हुआ, जिसमें प्रसिद्ध कथावाचक प्रशांत मुकुंद दास जी ने गोवर्धन पूजा का महत्व और उसकी महिमा का विस्तार से वर्णन किया। इसके पश्चात विधि-विधान से गोपूजा की गई, जिसका शास्त्रों में विशेष महत्व है। दिनभर इस महोत्सव में हजारों भक्तों ने सम्मिलित होकर प्रसाद ग्रहण किया और भक्तिमय वातावरण का अनुभव किया।

त्योहारों की अगली कड़ी में रविवार को भाई दूज का उत्सव भी धूमधाम से मनाने की तैयारी की गई है। भक्तजन अपने भाइयों को तिलक कर श्री श्री रुक्मिणी द्वारकाधीश, बलराम जी और सुभद्रा मैया के दर्शन कर सकते हैं, उन्हें पुष्प अर्पित कर, विशेष आरती कर आशीर्वाद ले सकते हैं। इस अवसर पर मंदिर में दीपदान का आयोजन भी होगा। भक्त मंदिर निर्माण के लिए सुदामा सेवा में अपना योगदान देकर पुण्य लाभ प्राप्त कर सकते हैं।

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