“सिनर्जी-ज्ञानोत्सव 2026: नवाचार, शोध और शिक्षा के संगम ने रचा नया इतिहास”

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

September 2026
M T W T F S S
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930  
September 18, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

-तीन दिवसीय महाआयोजन का शानदार समापन

गुरुग्राम/उमा सक्सेना/-  गुरुग्राम स्थित एसजीटी यूनिवर्सिटी के परिसर में आयोजित तीन दिवसीय “सिनर्जी-ज्ञानोत्सव 2026” का समापन अत्यंत भव्य और प्रेरणादायक माहौल में हुआ। विज्ञान, कला, शोध, नवाचार, चिकित्सा, जीवनशैली और तकनीक जैसे विविध क्षेत्रों को समेटे इस आयोजन ने छात्रों और शिक्षकों के लिए ज्ञान का एक विशाल मंच तैयार किया। सैकड़ों स्टॉल्स पर प्रदर्शित प्रोजेक्ट्स और आइडियाज ने आने वाले समय के लिए नए अवसरों और संभावनाओं के द्वार खोले।

148 प्रोजेक्ट्स के साथ इनोवेशन का प्रदर्शन
लगभग तीन महीने की लगातार तैयारी के बाद इस आयोजन में कुल 148 प्रोजेक्ट्स प्रस्तुत किए गए। यह “सिनर्जी” का आठवां संस्करण था, जिसे पहली बार फैकल्टी एडिशन के रूप में आयोजित किया गया। इसमें प्रस्तुत किए गए ‘फ्यूचर रेडी सॉल्यूशंस’ ने यह दिखाया कि शिक्षा और तकनीक के समन्वय से कैसे बेहतर भविष्य तैयार किया जा सकता है।

राम बहादुर राय ने शिक्षा सुधार पर रखे विचार
समापन समारोह में कुलाधिपति राम बहादुर राय ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू होने से पहले ही विश्वविद्यालय में कई सुधार और नवाचार अपनाए जा चुके हैं। उन्होंने भारत की ऐतिहासिक समृद्धि का उल्लेख करते हुए कहा कि देश फिर से उसी गौरव की ओर बढ़ सकता है। साथ ही उन्होंने भविष्य में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़े बदलाव के रूप में बताया।

विशिष्ट अतिथियों ने की सराहना
इस अवसर पर उद्योग और स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े कई गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे। उन्होंने विश्वविद्यालय के शैक्षणिक माहौल और नवाचार की भावना की खुलकर प्रशंसा की। अतिथियों ने कहा कि यहां छात्रों और शिक्षकों में सीखने की ललक उन्हें नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में मदद करेगी।

भविष्य की तकनीकों और वैश्विक मुद्दों पर फोकस
ज्ञानोत्सव में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, ब्लॉकचेन, बिग डेटा, हेल्थकेयर इनोवेशन और पर्यावरण संरक्षण जैसे विषयों पर विशेष ध्यान दिया गया। साथ ही संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) और क्लाइमेट चेंज जैसे वैश्विक मुद्दों को भी प्रमुखता से शामिल किया गया।

पुरस्कारों की बरसात, प्रतिभाओं को मिला सम्मान
इस आयोजन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रोजेक्ट्स को आकर्षक नकद पुरस्कार दिए गए। कई टीमों को एक-एक लाख रुपये तक के पुरस्कार से सम्मानित किया गया, जबकि अन्य श्रेणियों में भी हजारों रुपये के पुरस्कार वितरित किए गए। इससे प्रतिभागियों का उत्साह और आत्मविश्वास दोनों बढ़ा।

शिक्षा और नवाचार का संगम
“सिनर्जी-ज्ञानोत्सव 2026” ने यह साबित कर दिया कि जब शिक्षा, शोध और नवाचार एक साथ आते हैं, तो समाज और देश के विकास को नई दिशा मिलती है। यह आयोजन छात्रों को न केवल सीखने का अवसर देता है, बल्कि उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार भी करता है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox