‘सिख फॉर जस्टिस’ संगठन पर लगे प्रतिबंध को सरकार ने 5 साल के लिए बढ़ाया

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

October 2026
MTWTFSS
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031 
October 8, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

‘सिख फॉर जस्टिस’ संगठन पर लगे प्रतिबंध को सरकार ने 5 साल के लिए बढ़ाया

पंजाब/नई दिल्ली/सिमरन मोरया/- होम मिनिस्ट्री ने मंगलवार को जारी एक अधिसूचना में कहा कि एसएफजे को पांच साल पहले गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत प्रतिबंधित संगठन घोषित किया गया था, क्योंकि इसकी राष्ट्र विरोधी गतिविधियां देश की आंतरिक सुरक्षा और अखंडता के लिए हानिकारक हैं।

राष्ट्र-विरोधी और विध्वंसक गतिविधियों में पाई गई संलिप्तता
इसमें कहा गया है कि  ‘सिख फॉर जस्टिस’ पंजाब और अन्य जगहों पर राष्ट्र-विरोधी और विध्वंसक गतिविधियों में संलिप्त है तथा इसका इरादा भारत की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता को बाधित करना है।मंत्रालय ने कहा कि एसएफजे भारतीय क्षेत्र के एक हिस्से को भारत संघ से अलग करने के लिए गतिविधियों को बढ़ावा दे रहा है और उनकी मदद कर रहा है। मंत्रालय के मुताबिक, यह संगठन भारत और अन्य स्थानों पर अलगाववादी समूहों का समर्थन करता है और इसके लिए वह ऐसी गतिविधियों में लिप्त है जिनकी मंशा भारत की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता को बाधित करना है।

क्या है ‘Sikh For Justice‘ ?
‘सिख फॉर जस्टिस’ एक कट्टरपंथी संगठन है। जो पंजाब को लगातार एक खालिस्तानी मुल्क बनाने की दिशा में सक्रिय है। इसके लिए यह संगठन कई राष्ट्रीय विरोधी गतिविधियों में संलिप्त रह चुका है। इस संगठन की स्थापना गुरपतवंत सिंह पन्नू ने 2007 में की थी। वो पेशे से एक वकील है। इसका मुख्यालय अमेरिका में स्थित है। अलग खालिस्तानी मुल्क बनाने की दिशा में यह संगठन लगातार कई देशों में जनमत संग्रह आयोजित करवा चुका है।बता दें कि एसएफजे पर इससे पहले भी कई तरह के आरोप लग चुके हैं।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox