राहुल गांधी ने सरकार पर लगाया पक्षपात का आरोप

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 24, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

राहुल गांधी ने सरकार पर लगाया पक्षपात का आरोप

-बोले- ’मैं विपक्ष का नेता, फिर भी मुझे बोलने नहीं दे रहे’

नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- संसद के मानसून सत्र के पहले दिन हंगामे और स्थगन के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि लोकसभा में विपक्ष का नेता होने के बावजूद उन्हें संसद में बोलने नहीं दिया गया। साथ ही उन्होने सरकार पर पक्षपात के आरोपी लगाए। सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद राहुल ने संसद भवन के बाहर संवाददाताओं से कहा, ’रक्षा मंत्री और सरकार के अन्य लोगों को बोलने की इजाजत है, लेकिन विपक्षी नेताओं को बोलने नहीं दिया जा रहा। मैं विपक्ष का नेता हूं, बोलना मेरा अधिकार है, मुद्दे उठाना मेरा काम है, लेकिन वे मुझे बोलने नहीं दे रहे।’

’सरकार एक नया तरीका अपना रही’
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार एक नया तरीका अपना रही है। उन्होंने कहा, ’प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सदन से चले गए। अगर वे अनुमति दें तो चर्चा हो सकती है, लेकिन मुद्दा यह है कि परंपरा कहती है कि अगर सरकार के नेताओं को बोलने की अनुमति है, तो हमें भी जगह दी जानी चाहिए। हम बोलना चाहते थे, लेकिन हमें अनुमति नहीं दी गई।’

ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा की मांग पर हंगामा
इससे पहले लोकसभा में कांग्रेस के नेतृत्व में विपक्षी सदस्य ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा की मांग करते हुए खड़े हो गए। ऑपरेशन सिंदूर के तहत पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान को करारा जवाब दिया था। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि वह प्रश्नकाल के बाद सदस्यों को ऑपरेशन सिंदूर सहित सभी मुद्दे उठाने की अनुमति देने के लिए तैयार हैं। प्रश्नकाल दिन का पहला घंटा होता है, जिसमें सदस्य विभिन्न मंत्रालयों और विभागों से संबंधित प्रश्न उठाते हैं।

’प्रश्नकाल के बाद सभी मुद्दे उठाने की अनुमति दूंगा’
उन्होंने कहा, ’मैं आपको प्रश्नकाल के बाद सभी मुद्दे उठाने की अनुमति दूंगा। सदन केवल नियमों के अनुसार ही चलेगा। इसमें नारेबाजी और तख्तियां लहराने की अनुमति नहीं दी जा सकती।’ बिरला ने कहा कि यदि सदस्य नोटिस देते हैं, तो वह उन्हें सभी मुद्दे उठाने की अनुमति देंगे और प्रत्येक सांसद को पर्याप्त समय देंगे।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox