एआई इम्पैक्ट समिट प्रदर्शन प्रकरण: यूथ कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब गिरफ्तार

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 7, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

नई दिल्ली/उमा सक्सेना/-   राजधानी दिल्ली में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान हुए विरोध प्रदर्शन के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को गिरफ्तार कर लिया है। इस प्रकरण में अब तक कुल आठ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इससे पहले तीन अन्य आरोपियों को ग्वालियर से हिरासत में लिया गया था, जबकि चार कार्यकर्ताओं को घटना वाले दिन ही पकड़ लिया गया था।

कैसे हुआ प्रदर्शन और क्या है आरोप
पुलिस के अनुसार, कार्यक्रम के दौरान कुछ कार्यकर्ता हॉल नंबर-5 की लॉबी में पहुंच गए और वहां नारेबाजी शुरू कर दी। जांच में सामने आया है कि संबंधित लोगों ने कार्यक्रम में प्रवेश के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कर क्यूआर कोड हासिल किया था। सुरक्षा जांच से बचने के लिए कथित तौर पर पहले काले रंग की छतरियों के जरिए संदेश अंदर ले जाने की योजना बनाई गई थी, लेकिन बाद में टी-शर्ट के माध्यम से विरोध दर्ज कराने का तरीका अपनाया गया।

बताया जा रहा है कि प्रतिभागियों ने अपनी शर्ट के नीचे नारे लिखी टी-शर्ट पहन रखी थी, जिन्हें अंदर पहुंचने के बाद सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित किया गया। पुलिस सूत्रों का दावा है कि कुछ प्रदर्शनकारियों ने ड्यूटी पर तैनात कर्मियों के साथ धक्का-मुक्की भी की। मामले में तिलक मार्ग थाने में केस दर्ज किया गया है।

बरामदगी और अन्य गिरफ्तारियां
जांच के दौरान पुलिस ने एक वाहन से पोस्टर और टी-शर्ट बरामद की हैं। अधिकारियों का कहना है कि प्रदर्शन में शामिल कुछ लोगों के पास विशेष संदेश वाले पोस्टर और प्रिंटेड सामग्री मिली है। इससे पहले बिहार, उत्तर प्रदेश और तेलंगाना से जुड़े चार पदाधिकारियों को भी गिरफ्तार किया जा चुका है।

एसआईटी गठित, साजिश के एंगल की जांच
पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है। दक्षिणी रेंज के संयुक्त पुलिस आयुक्त एस. के. जैन को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई है। एसआईटी में कई जिलों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हैं। पुलिस इस घटना के पीछे संभावित साजिश, आयोजन की योजना और वित्तीय लेन-देन के पहलुओं की भी जांच कर रही है।

अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था भंग करने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी और सभी तथ्यों की निष्पक्ष जांच जारी है।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox