अब डिजिटल पुस्तकालय का युग, खुलेंगे राष्ट्रीय डिजिटल पुस्तकालय

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अब डिजिटल पुस्तकालय का युग, खुलेंगे राष्ट्रीय डिजिटल पुस्तकालय

अब डिजिटल पुस्तकालय का युग, खुलेंगे राष्ट्रीय डिजिटल पुस्तकालय

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- कोरोना महामारी के कारण बच्चे स्कूलों से दूर हो गये और उनकी पढ़ाई भी काफी बाधित हुई। जिसकारण बच्चों में पढ़ाई को लेकर काफी कमी देखी जा रही है। अब सरकार ने इस कमी को पूरा करने और बच्चों तक पूरा ज्ञान पंहुचाने के लिए डिजिटल लाइब्रेरी यानी ऑन लाईन पुस्तकालयों की शुरूआत की है और सभी स्कूलों में इनकी स्थापना की जायेगी। इसमें भूगोल, साहित्य से लेकर सभी विषयों की किताबें होंगी। इतना ही नही इन पुस्तकालयों में बच्चों और किशोरों के लिए उनकी उम्र व जरूरत के हिसाब से किताबें उपलब्ध होंगी।
                इसके लिए सरकार उन एनजीओ के साथ भी भागीदारी करेगी, जो साक्षरता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। सभी स्कूलों को भी डिजिटल लाइब्रेरी से जोड़ा जाएगा, जिससे किताबों तक बच्चों की पहुंच बढ़ सके। राष्ट्रीय डिजिटल लाइब्रेरी को पंचायत और वार्ड लेवल तक खोला जाएगा। इसमें प्रादेशिक और अंग्रेजी भाषा में भी पुस्तकें मिलेंगी। इसमें सभी उम्र के छात्रों के हिसाब से किताबें उपलब्ध होंगी।
              एक डिजिटल लाइब्रेरी एक पुस्तकालय है, जिसमें उपलब्ध किताबों के डिजिटल वर्जन मौजूद होते हैं। साथ ही साथ इसमें इलेक्ट्रॉनिक या डिजिटल फॉर्मेट में टेक्स्ट, फोटो, वीडियो या ऑडियो भी शामिल होते हैं। डिजिटल लाइब्रेरी को कहीं से भी एक्सेस किया जा सकेगा, जिससे देश के हर कोने में स्थित छात्रों को इससे लाभ मिलेगा।

5जी आधारित एप्लीकेशन विकसित करने के लिए 100 प्रयोगशालाएं
बाइल सेवा के क्षेत्र में परिवर्तनकारी बदलाव हो रहा है। देश 4जी से 5जी सेवाओं की तरफ बढ़ रहा है। बजट में 5जी सेवाओं पर आधारित एप्लीकेशन विकसित करने के लिए  इंजीनियरिंग कॉलेजों में 100 प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी। इसके साथ ही देश के शीर्ष शिक्षण संथानों में तीन कृत्रिम बुद्धिमता (एआई) उत्कृष्टता केंद्र खोले जाएंगे।  
                  ये उत्कृष्टता केंद्र ‘कृत्रिम बुद्धिमता को भारत में बनाएं और कृत्रिम बुद्धिमता से भारत के लिए कार्य कराएं’ के विजन को साकार करने के लिए स्थापित किए जाएंगे। यहां प्रमुख उद्योग घराने अंतःविषय अनुसंधान करने, अत्याधुनिक अनुप्रयोगों को विकसित करने और कृषि, स्वास्थ्य, टिकाऊ शहरों के क्षेत्रों की समस्याओं के समाधान में काम और सहयोग करेंगे। वहीं, 5जी आधारित एप्लीकेशन विकसित करने के लिए विभिन्न प्राधिकरणों, नियामकों, बैंकों और अन्य व्यवसायों के सहयोग से इंजीनियरिंग कॉलेज में 100 प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी।

अध्यापकों का प्रशिक्षण
नवोन्मेषी शिक्षा विज्ञान, पाठ्यचर्या संव्यवहार, सतत पेशेवर विकास, डिपस्टिक सर्वेक्षण और आईसीटी कार्यान्वयन के माध्यम से अध्यापकों का प्रशिक्षण, पुनःपरिकल्पित किया जाएगा। इस उद्देश्य के लिए जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों को जीवंत उत्कृष्ट संस्थानों के रूप में तैयार किया जाएगा।

राष्ट्रीय डाटा शासन नीति
स्टार्टअप और शिक्षाविदों द्वारा नवाचार और अनुसंधान शुरू करने के लिए राष्ट्रीय डाटा शासन नीति लाई जाएगी। इससे अज्ञात नाम से आने वाले डाटा तक पहुंच बनाने में मदद मिलेगी।

शिक्षकों की भर्ती एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूलों के लिए
शिक्षा के क्षेत्र में बजट में कई अहम घोषणाएं की गई हैं। इनमें से 740 एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूलों में शिक्षकों की भर्ती होनी है। बजट में एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूलों में सरकार ने 38,800 शिक्षकों व सहायक कर्मियों की भर्ती करने का एलान किया है। यह भर्ती अगले तीन वर्षों के दौरान की जाएगी। इससे बच्चों की शिक्षा व्यवस्था बेहतर होगी।

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