
बीजिंग/अनीशा चौहान/- चीन, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के शीर्ष नेताओं ने एक महत्वपूर्ण बैठक में त्रिपक्षीय सहयोग को और गहरा करने पर सहमति जताई है। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य चीन-पाकिस्तान इकोनॉमिक कॉरिडोर (CPEC) को अफगानिस्तान तक विस्तार देना था, जिस पर तीनों देशों ने सहमति व्यक्त की है।
इस समझौते से दक्षिण और मध्य एशिया के भू-राजनीतिक और आर्थिक समीकरणों में बड़ा बदलाव आ सकता है। CPEC, जो अब तक केवल पाकिस्तान के ग्वादर पोर्ट से चीन के शिनजियांग प्रांत तक सीमित था, अब अफगानिस्तान को भी जोड़ने जा रहा है। इससे न केवल अफगानिस्तान को आर्थिक रूप से जोड़ने में मदद मिलेगी, बल्कि क्षेत्रीय व्यापार और संपर्क को भी बल मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह विकास चीन की बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव (BRI) को नई ऊर्जा देगा और पाकिस्तान व अफगानिस्तान को रणनीतिक लाभ प्रदान करेगा। हालांकि, इस परियोजना के विस्तार में सुरक्षा और राजनीतिक स्थिरता जैसी चुनौतियाँ भी मौजूद हैं।
तीनों देशों ने इस पहल के माध्यम से आपसी विश्वास, क्षेत्रीय समृद्धि और स्थिरता को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता जताई है। भविष्य में इस समझौते का प्रभाव न केवल इन देशों पर, बल्कि पूरे एशियाई उपमहाद्वीप पर देखने को मिल सकता है।





More Stories
सतपाल जी महाराज आध्यात्मिक गुरु के साथ साथ लोककल्याण की भावना के प्रतीक हैं – पुष्कर सिंह धामी
UP : सुल्तानपुर में अंकुरण रसोई के माध्यम से 300 जरूरतमंदों को मिला भोजन
कालकाजी गैंगरेप: जन्मदिन की खुशी चीखों में बदली, केक काटकर मंदिर गई थी किशोरी; पुलिसवाले बनकर आए थे दरिंदे
दिल्ली में MCD का ताबड़तोड़ एक्शन, इस फेमस इलाके में 54 ज्वेलरी शॉप सील, जूलर्स में मचा हड़कंप
फरीदाबाद से दबोचा गया दहेज मामले में घोषित भगोड़ा आरोपी
द्वारका में 888 क्वार्टर अवैध शराब बरामद, सप्लाई में इस्तेमाल वैगनआर जब्त