हरियाणा में योजन अधिनियम-2020 लागू

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 14, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

हरियाणा में योजन अधिनियम-2020 लागू

-सरकार ने दी अधिकारिक जानकारी -निजी सेक्टर में हरियाणा के युवाओं को 75 प्रतिशत आरक्षण का रास्ता हुआ साफ -हज के लिए भी सरकार ने आवेदन मांगे है

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/हरियाणा ब्यूरो/चंडीगढ़/- हरियाणा सरकार ने प्रदेश में हरियाणा के युवाओं को नौकरियों में 75 प्रतिशत आरक्षण देने वाले हरियाणा योजन अधिनियम-2020 को पास कर दिया है। इस बिल के पास हो जाने से निजी सैक्टर में हरियाणा के युवाओं को 75 प्रतिशत आरक्षण मिलने का रास्ता साफ हो गया है। सभी नियोक्ताओं को श्रम विभाग, हरियाणा की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध नामित पोर्टल पर सकल मासिक वेतन या तीस हजार रुपये तक वेतन प्राप्त करने वाले अपने सभी कर्मचारियों को पंजीकृत करना अनिवार्य होगा। वे सभी नई भर्तियों में ऐसे पदों के लिए, जहां सकल मासिक वेतन या मजदूरी तीस हजार रुपये से अधिक नहीं है, 75 प्रतिशत (शर्त के अधीन) स्थानीय उम्मीदवारों को काम पर रखेंगे। इस अधिनियम के किसी भी प्रावधान का उल्लंघन एक दंडनीय अपराध है।
                  हरियाणा सरकार के वर्ष 2024 तक प्रदेश को बेरोजगार मुक्त-रोजगार युक्त बनाने के विजन के अनुरूप शुरू की गई कई पहलों में से एक प्रदेश के स्थानीय युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार देने की प्राथमिकता के तहत हरियाणा राज्य के स्थानीय उम्मीदवारों का नियोजन अधिनियम, 2020 को लागू कर दिया गया है, जो 15 जनवरी, 2022 से प्रभावी माना जाएगा। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने प्रदेश के युवाओं को बधाई देते हुए कहा कि युवाओं को किसी भी प्रकार की कोई चिंता करने की आवश्यकता नहीं है प्रदेश सरकार हर समय उनके साथ खड़ी है और उनके लिए रोजगार के अवसर निरंतर सुनिश्चित कर रही है। उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार ने सत्ता में आने से पूर्व यह वायदा किया था जिसे सरकार ने महज 2 वर्षों के अंतराल में ही पूरा कर दिया है। यह एक अभूतपूर्व कदम है जिससे हजारों युवा लाभान्वित होंगे। उन्होंने कहा कि एक ओर जहां प्रदेश में सरकारी नौकरियां मेरिट के आधार पर दी जा रही है वहीं दूसरी तरफ निजी क्षेत्र में अपने राज्य के युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सुनिश्चित करना भी एक बड़ी उपलब्धि है। इन्हीं सब प्रयासों से हरियाणा सरकार का लक्ष्य 2024 तक हरियाणा को बेरोजगार मुक्त और रोजगार युक्त बनाना है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार का मुख्य उद्देश्य राज्य के अधिक से अधिक युवाओं को कौशल में निपुण करके रोजगारयुक्त बनाना है।
                   वहीं हज-2022 के लिए हरियाणा सरकार ने मांगे आवेदन, कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज अनिवार्य उन्होंने कहा कि हरियाणा राज्य के स्थानीय उम्मीदवारों का नियोजन अधिनियम, 2020 को 2 मार्च, 2021 को राज्य विधानसभा द्वारा विधिवत पारित किया गया था और हरियाणा के राज्यपाल द्वारा अनुमोदित किया गया था। अब, उक्त अधिनियम की धारा 1 (3) के अनुसार, हरियाणा सरकार ने आधिकारिक राजपत्र में 6 नवंबर, 2021 को अधिसूचना जारी कर 15 जनवरी, 2022 को इसके प्रारंभ होने की तिथि निर्दिष्ट की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने उक्त अधिनियम के तहत सकल मासिक वेतन या मजदूरी की ऊपरी सीमा को निर्दिष्ट करते हुए 6 नवंबर, 2021 को एक और अधिसूचना जारी की है, जिसके तहत उक्त सीमा को पचास हजार रुपये से घटाकर तीस हजार रुपये कर दिया गया है। इसलिए अब उक्त अधिनियम 15 जनवरी, 2022 से प्रभावी होगा और उक्त तिथि से यह अधिनियम निजी क्षेत्र की कंपनियों, सोसायटियों, ट्रस्ट, लिमिटेड लायबिलिटी पार्टनरशिप फर्म, पार्टनरशिप फर्म के नियोक्ताओं और कोई भी व्यक्ति जो हरियाणा में निर्माण, व्यवसाय करने या कोई सेवा प्रदान करने के उद्देश्य से वेतन, मजदूरी या अन्य पारिश्रमिक पर दस या अधिक व्यक्तियों को काम पर रखता है, पर लागू होगा। ।सेव त्मंक – ठश्रच् सांसद अरविंद शर्मा के बिगड़े बोल- मनीष ग्रोवर की तरफ आंख उठाकर देखने वाले की आंख निकाल लेंगे, हाथ उठेगा तो हाथ काट देंगे
                   उन्होंने कहा कि इन सभी नियोक्ताओं को श्रम विभाग, हरियाणा की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध नामित पोर्टल पर सकल मासिक वेतन या तीस हजार रुपये तक वेतन प्राप्त करने वाले अपने सभी कर्मचारियों को पंजीकृत करना अनिवार्य होगा। वे सभी नई भर्तियों में ऐसे पदों के लिए, जहां सकल मासिक वेतन या मजदूरी तीस हजार रुपये से अधिक नहीं है, 75 प्रतिशत (शर्त के अधीन) स्थानीय उम्मीदवारों को काम पर रखेंगे। इस अधिनियम के किसी भी प्रावधान का उल्लंघन एक दंडनीय अपराध है। उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कहा कि प्राइवेट कंपनियों में 75 प्रतिशत स्थानीय युवाओं को नौकरियां देने के राज्य सरकार के निर्णय से प्रदेश के युवाओं को बहुत अधिक लाभ होगा। उन्होंने कहा कि हमने वादा किया था कि निजी क्षेत्र में स्थानीय उम्मीदवारों के लिए 75 प्रतिशत रोजगार के अवसर सुनिश्चित करेंगे, जिसे हमने पूरा किया है और यह क्रांतिकारी कदम साबित होगा।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox