वृद्धावस्था की गति को धीमा करने में नाड़ीशोधन प्राणायाम प्रभावी- डॉ. रमेश कुमार

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

October 2026
MTWTFSS
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031 
October 8, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

वृद्धावस्था की गति को धीमा करने में नाड़ीशोधन प्राणायाम प्रभावी- डॉ. रमेश कुमार

-विश्व योग दिवस पर द्वारका में आयोजित योग महोत्सव में सैकड़ों लोगों ने लिया भाग, योग को बताया स्वस्थ और सक्रिय जीवन का आधार

नई दिल्ली/द्वारका/सिमरन मोरया/- विश्व योग दिवस के उपलक्ष्य में आध्यात्म योग संस्थान द्वारा डी.डी.ए. पार्क, सेक्टर-18, द्वारका में भव्य योग महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में योग साधकों एवं स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। आयोजन के दौरान आयुष मंत्रालय द्वारा निर्धारित योग प्रोटोकॉल के अनुसार विभिन्न योगासनों, प्राणायाम एवं ध्यान का सामूहिक अभ्यास कराया गया।

इस अवसर पर आध्यात्म योग संस्थान के संस्थापक एवं योगाचार्य डॉ. रमेश कुमार ने कहा कि नियमित योगाभ्यास के माध्यम से वृद्धावस्था की गति को धीमा किया जा सकता है। उन्होंने विशेष रूप से नाड़ीशोधन प्राणायाम को स्वास्थ्य संवर्धन और दीर्घायु के लिए अत्यंत लाभकारी बताया।

डॉ. रमेश कुमार ने कहा कि योगासन, प्राणायाम और ध्यान के नियमित अभ्यास से शरीर, मन और मस्तिष्क स्वस्थ रहते हैं, जिससे व्यक्ति लंबे समय तक सक्रिय, ऊर्जावान और स्वस्थ जीवन जी सकता है। योग शरीर की लचक और शक्ति को बनाए रखने के साथ-साथ रक्तसंचार में सुधार करता है। इसके अतिरिक्त यह तनाव, चिंता और अवसाद को कम करने में सहायक है तथा रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है।

उन्होंने बताया कि योग के नियमित अभ्यास से हृदय एवं फेफड़ों की कार्यक्षमता बेहतर होती है, वहीं स्मरण शक्ति और एकाग्रता में भी वृद्धि होती है। इन सभी लाभों के कारण व्यक्ति स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन की ओर अग्रसर होता है।

डॉ. रमेश कुमार ने स्पष्ट किया कि योग वृद्धावस्था को समाप्त नहीं करता, लेकिन इसके नियमित अभ्यास से शरीर की कार्यक्षमता, मानसिक स्वास्थ्य और जीवनशक्ति को लंबे समय तक बनाए रखा जा सकता है। उन्होंने कहा कि योग वास्तव में सफल, स्वस्थ और सक्रिय वृद्धावस्था का मजबूत आधार है।

आने वाले जीवन को स्वस्थ बनाने और योग के प्रति जागरूकता बढ़ाने का संकल्प लिया-
कार्यक्रम के अंत में योग के प्रति जागरूकता बढ़ाने और इसे दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया गया। योग महोत्सव में सैकड़ों लोगों की सहभागिता ने कार्यक्रम को सफल एवं प्रेरणादायक बना दिया।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox