गांव ग्रामीणों और किसानों की उपेक्षा के खिलाफ पंचायत संघ का कड़ा विरोध- थान सिंह यादव

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September 7, 2026

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गांव ग्रामीणों और किसानों की उपेक्षा के खिलाफ पंचायत संघ का कड़ा विरोध- थान सिंह यादव

-गांवों और किसानों के लिए 18 सूत्रीय मांगें

नई दिल्ली/अनीशा चौहान/-  दिल्ली पंचायत संघ ने पंचायत प्रमुखों की बैठक में दिल्ली देहात गांव गरीब ग्रामीण किसानों के साथ हो रहे अन्याय और भेदभाव पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। पंचायत संघ के प्रमुख थान सिंह यादव ने सरकार को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि अब यह भेदभाव बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

पंचायत संघ प्रमुख थान सिंह यादव ने कहा, “आप चाहे किसी की गाड़ी में बैठें या किसी के पैर पकड़ें, लेकिन गांवों और किसानों को गुमराह करना और उनसे झूठे वादे करना बंद करें। आपकी पार्टी की मेयर ने उप-मेयर और 360 गांवों के खाप अध्यक्ष के साथ आम आदमी पार्टी मुख्यालय पर हाउस टैक्स माफ करने की घोषणा की थी, जो आज तक पूरी नहीं हुई है। इसके विपरीत, कापसेहड़ा गांव में एमसीडी द्वारा हाउस टैक्स के नोटिस भेजे जा रहे हैं। इन नोटिसों को तुरंत रद्द किया जाए।”

पंचायत संघ सह प्रमुख सुनील शर्मा ने कहा कि आम आदमी पार्टी के मुखिया, अरविंद केजरीवाल, जो कभी दिल्ली के गांवों में हाउस टैक्स माफी की बात करते थे, अब किसानों की कृषि भूमि के सर्कल रेट बढ़ाने की फाइल दबाकर बैठे हैं। उन्होंने दिल्ली देहात गांव गरीब ग्रामीण किसानों की मांगों पर कोई ठोस जवाब नहीं दिया है।

थान सिंह यादव ने कहा दिल्ली पंचायत संघ ने पिछले कई वर्षों से दिल्ली देहात और गांवों की 18 सूत्रीय मांगों को सरकार के सामने रखा है, जिनमें शामिल हैं:

  1. गांवों को हाउस टैक्स से मुक्त किया जाए।
  2. गांवों को भवन उपनियम से बाहर रखा जाए।
  3. ग्रामीणों को रोजगार देने के लिए गांवों को व्यावसायिक श्रेणी में शामिल किया जाए।
  4. गांवो को लाल डोरा व विस्तारित लाल डोरा से मुक्त कर मालिकाना हक दें।
  5. किसानों की कृषि भूमि का सर्कल रेट बढ़ाया जाए।
  6. किसानों को अपनी कृषि भूमि खुद विकसित कर बेचने का अधिकार दिया जाए।
  7. गांवो के युवाओ को सरकारी नौकरियों में सो फीसद आरक्षण दें।

गांवो के युवाओ को सरकारी नौकरियों में सो फीसद आरक्षण दें। अगर इन मांगों पर जल्द से जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो पंचायत संघ ने चेतावनी दी है कि आगामी विधानसभा चुनाव में दिल्ली देहात के गांवों और किसानों द्वारा इसका सख्त विरोध किया जाएगा।

पंच प्रमुख अधिवक्ता यमन यादव ने कहा की बैठक में सभी पंचायतों से कहा गया है कि वे गांवों के बाहर होर्डिंग लगाकर सरकार से अपनी मांगों का जवाब मांगे। उन होर्डिंग्स पर लिखा जाए: “दिल्ली सरकार और मेयर, हमारी मांगें पूरी करो फिर गांवों में आओ” “गांव ग्रामीणों से हाउस टैक्स माफी की झूठी घोषणा पर माफी मांगो “

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