दिल्ली सरकार की सख्त चेतावनी: सार्वजनिक स्थल पर कुर्बानी पर प्रतिबंध, कानून तोड़ने पर होगी सजा

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

September 2026
MTWTFSS
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930 
September 24, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

दिल्ली सरकार की सख्त चेतावनी: सार्वजनिक स्थल पर कुर्बानी पर प्रतिबंध, कानून तोड़ने पर होगी सजा

दिल्ली/अनीशा चौहान/-  बकरीद के मौके पर दिल्ली सरकार ने पशु कल्याण और सार्वजनिक स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस बार कुर्बानी सिर्फ तयशुदा स्थानों, जैसे स्लॉटर हाउस, पर ही दी जा सकती है। सड़कों, गलियों या किसी सार्वजनिक स्थल पर बलि देना पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा।

केवल निर्धारित स्थानों पर दी जा सकेगी कुर्बानी

दिल्ली सरकार ने अपनी एडवाइजरी में कहा है कि कुर्बानी की रस्में सार्वजनिक स्थानों पर नहीं होनी चाहिए। इससे न सिर्फ स्वच्छता प्रभावित होती है बल्कि कई बार इससे धार्मिक सौहार्द भी बिगड़ सकता है। इसके साथ ही, सोशल मीडिया पर कुर्बानी के दृश्य साझा करने पर भी रोक लगाई गई है, जिससे भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली सामग्री से बचा जा सके।

प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी पर पाबंदी

एडवाइजरी में यह भी साफ़ किया गया है कि गोवंश, बछड़ों, ऊंटों और अन्य प्रतिबंधित जानवरों की कुर्बानी गैरकानूनी है और इस पर सख्त प्रतिबंध लगाया गया है। दिल्ली के विकास मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा, “बकरीद का त्योहार शांति और सद्भाव का प्रतीक है। हम पशु कल्याण और पर्यावरण की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध हैं। किसी भी तरह की अवैध या क्रूर गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”

कानूनों का पालन अनिवार्य

यह आदेश कई मौजूदा कानूनों के तहत जारी किया गया है, जैसे:

पशु क्रूरता रोकथाम अधिनियम, 1960

पशु परिवहन नियम, 1978

स्लॉटर हाउस नियम, 2001

खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2006

दिल्ली कृषि पशु संरक्षण अधिनियम, 1994

इन कानूनों के अनुसार, गर्भवती पशु, तीन महीने से छोटे बच्चों वाले पशु या बिना पशु चिकित्सकीय प्रमाणपत्र के पशु की कुर्बानी अवैध मानी जाएगी। साथ ही, ऊंट को खाद्य जानवर नहीं माना गया है, इसलिए उनकी कुर्बानी भी निषिद्ध है।

प्रशासन को भेजे गए दिशा-निर्देश

एडवाइजरी की प्रति सभी संबंधित अधिकारियों जैसे डीएम, डीसीपी और एमसीडी आयुक्तों को भेज दी गई है। उन्हें निर्देश दिए गए हैं कि वे बकरीद के दौरान नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करें और किसी भी उल्लंघन की स्थिति में तत्काल कार्रवाई करें।

नागरिकों से सहयोग की अपील

सरकार ने सभी नागरिकों से सहयोग की अपील की है ताकि बकरीद का यह पर्व शांतिपूर्ण, स्वच्छ और कानूनी ढंग से मनाया जा सके। यदि कोई व्यक्ति नियमों का उल्लंघन करता पाया गया, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, नागरिकों से यह भी अनुरोध किया गया है कि वे ऐसी किसी भी गतिविधि की सूचना प्रशासन को दें।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox