दिल्ली के उत्तम नगर से 250 अस्थियों का हुआ विसर्जन

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 24, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

दिल्ली के उत्तम नगर से 250 अस्थियों का हुआ विसर्जन

-ये सेवा हमें भगवान का आशीर्वाद है- जी.के. गुप्ता

दिल्ली/सिमरन मोरया/- देश की राजधानी दिल्ली के उत्तम नगर से अभिनव समाज संस्था ने एक बार फिर मानवता और धर्म का संदेश देते हुए 250 लावारिस लोगों की अस्थियों का विधिपूर्वक हरिद्वार के सती घाट पर विसर्जन किया। इस पुनीत कार्य के लिए संस्था के संस्थापक गोपाल कृष्ण गुप्ता (जी.के. गुप्ता) के नेतृत्व में एक टीम हरिद्वार पहुंची।

इस अवसर पर संस्था की अध्यक्ष इंद्रा गुप्ता, रिया सिंह, अनिल कुमार, संस्थापक के पुत्र आशीष गुप्ता, पुत्रवधु कविता गुप्ता, मुकेश वर्मा और एडवोकेट योगेश मेनी भी मौजूद रहे। सभी ने संयुक्त रूप से विधि-विधान के साथ पूजा-पाठ कर अस्थियों का विसर्जन किया।

धार्मिक कार्य नहीं, ये मानवता की सेवा है
इस मौके पर संस्था के संस्थापक जी.के. गुप्ता ने कहा, “हमें भगवान का आशीर्वाद मिला है, तभी हम हर महीने दिल्ली से लावारिस अस्थियां लेकर हरिद्वार आते हैं और उनका विधिपूर्वक अंतिम संस्कार करते हैं। भगवान की कृपा से ही यह कार्य संभव हो पाया है और हम इसे आगे भी जारी रखेंगे।”

उन्होंने यह भी कहा कि समाज के लोग इस नेक कार्य में साथ आना चाहें, तो उनका स्वागत है, क्योंकि यह सेवा केवल भाग्यशाली लोगों को ही नसीब होती है।

वृद्धाश्रम भी संचालित कर रही है संस्था
इसके अलावा जी.के. गुप्ता ने बताया कि अभिनव समाज संस्था दिल्ली में एक वृद्धाश्रम भी चला रही है, जहाँ कई बुजुर्ग अपने ही बच्चों की उपेक्षा से पीड़ित हैं। उन्होंने भावुक अपील करते हुए कहा, “आज की पीढ़ी से मैं कहना चाहता हूँ कि अपने माँ-बाप की सेवा करें, क्योंकि भगवान से पहले माँ-बाप होते हैं। यदि आपने माता-पिता की सेवा कर ली, तो समझिए आपने चारों धाम कर लिए।”

अभिनव समाज का यह कार्य न केवल धार्मिक दृष्टिकोण से बल्कि समाज सेवा और मानवता की मिसाल के तौर पर भी सराहनीय है। संस्था का प्रयास है कि कोई भी लावारिस आत्मा बिना सम्मानित विदाई के न जाए।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox