हरियाणा सरकार चुनाव मोड में आई, बरोदा उपचुनाव की तारीख घोषित

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
June 24, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

हरियाणा सरकार चुनाव मोड में आई, बरोदा उपचुनाव की तारीख घोषित

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/चंडीगढ़/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- बरोदा विधानसभा क्षेत्र के गांव मुंडलाना में 24 सितंबर को हरियाणा के कृषि मंत्री जयप्रकाश दलाल का घेराव करने व काले झंडे दिखाकर हुड़दंग मचाने वाले बर्खास्त पीटीआईज पर विभिन्न धाराओं के अंतर्गत दर्ज अपराधिक मुकदमे वापिस हो सकते हैं। लेकिन पीटीआई अब सरकार से आरपार के मूड में दिख रहे है। वहीं हरियाणा में बरोदा उपचुनाव की तारीख घोषित हो गई है। जिसमें 3 नवंबर को चुनाव होने है।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार इस मामले में सरकार ने लचीला दृष्टिकोण अपनाते हुए यह विचार किया है कि परिस्थितियों को देखते हुए इस मामले को तूल न दिया जाए और दर्ज मुकदमें कैंसिल कर दिए जाएं। यद्यपि बर्खास्त पीटीआई हल्के में अब भी सक्रिय हैं। खास तौर पर कृषि मंत्री को काले झंडे दिखाने व अपना विरोध दर्ज कराने की कोशिश करते रहे हैं। इसी कारण भाजपा को पुलिस के साए में चुनाव प्रचार करना पड़ रहा है। अधिकारियों और सरकार के प्रतिनिधियों को यह कहते देखा गया है कि लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करना सबका का अधिकार है। परिस्थितियों को देखते हुए मुकदमे दर्ज करना उचित नहीं माना जा रहा है।अब अंतिम फैसला अधिकारियों व सरकार को लेना है। हालांकि सरकार के इस लचीले रूख का मुख्य कारण बरोदा उपचुनाव बताया जा रहा है ताकि किसी तरह से पीटीआई शिक्षकों को शांत किया जा सके। लेकिन पीटीआई अब अपनी बर्खास्तगी को लेकर आरपार के मूड मंे दिखाई दे रहे है और हर स्तर पर भाजपा का विरोध कर रहे हैं। शिक्षकों का मानना है कि सरकार उनकी बात नही सुन रही है। जिसकारण उनके घर उजड़ गये हैं। लेकिन अब शिक्षक चुप नही बैठेंगे और सरकार को उनकी नाराजगी का खामियाजा भुगतना पड़ेगा। हालांकि सरकार ने बरोदा चुनाव की तारीख घोषित होते ही पीटीआई शिक्षकों के प्रति नरम रवैया दिखाना आरंभ कर दिया है। यह उसी का नतीजा है कि सरकार अब पीटीआई पर दर्ज मुकदमें वापिस लेने की तैयारी कर रही है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox