जल्द नहीं जागे हिंदू तो सबकुछ हाथ से निकल जाएगा: डॉ. सुनील देवधर चेतना

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

November 2026
MTWTFSS
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
30 
November 2, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

-चेतना का 79वां सेमिनार 'दीवाली: युद्ध अंधेरे से' आयोजित
नजफगढ़ मेट्रो न्यूज/नई दिल्ली/राज्य ब्यूरो,। यह हिन्दुओं के जाग उठने का समय है, सतर्क-चौकन्ना रहने का समय है, संगठित होने का समय है, अस्तित्व-गरिमा पर आसन्न संकट को भांपने का समय है। नहीं जागे तो कहीं ऐसा न हो कि मुट्ठी से रेत की तरह हिंदुत्व का गौरव खिसक कर धूल में मिल जाए। लव जिहाद बढ़ रहा है, चर्चों, मदरसों की संख्या में तीव्र वृद्धि हो रही है”।
यह निष्कर्ष था भारतीय जनता पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय सचिव डॉ सुनील विश्वनाथ देवधर के ओजस्वी संबोधन का। वह हिंदुत्व, भारतीय सामाजिक, सांस्कृतिक मूल्यों की ध्वजवाहक संस्था ‘चेतना (सुरभि सनातन की)’ के 79वें सेमिनार ‘दीवाली: युद्ध अंधेरे से’ को मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रहे थे।
दो घंटे धाराप्रवाह से वह तर्कों, कठोर यथार्थ पर आधारित तर्कों के साथ अपने संबोधन में हिंदुत्व को घेरे बैठी आशंकाओं से वह ऑडियंस को झकझोरते रहे।
उन्होंने कहा, अंधेरे से लड़ना है। पहचानिए कि अंधेरा क्या है, इससे कैसे लड़ना है, किन हथियारों से लड़ना है, क्या ये हथियार आपको चलाने आते हैं?
डॉ देवधर बोले, खंड- खंड हो रही मानसिकता ने हिंदुओं की विचारधाराओं को अलग-अलग वर्गों में विभाजित कर दिया है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक डॉ हेडगेवार अलौकिक भविष्यदृष्टा थे। उन्होंने सौ साल पहले हिंदुओं पर आने वाले संकट को भांप लिया था।
उपाय भी बताए थे लेकिन उन पर अमल नहीं हो रहा। डॉ देवधर ने कहा, परिणाम सामने है। पांच लाख हिन्दू बेटियां लव जिहाद का शिकार हो चुकीं, हिंदुओं की संख्या लगातार कम हो रही है, अनेक कुरीतियां समाज का अंग बन गईं, तेज गति से धर्मांतरण हो रहा है, मदरसों, चर्चों की संख्या बढ़ रही है।
सेमिनार का आयोजन वात्सल्य सेवा सदन, सेक्टर-07, रोहिणी, दिल्ली में हुआ।
डा. देवधर के संबोधन के दौरान सभागार में लगातार ‘पिन ड्रॉप साइलेंस’ रही। खचाखच भरे सभागार में उन्होंने ऑडियंस को भी चर्चा में शामिल करने के साथ प्रेरित भी किया।
उन्होंने कहा, हिंदुओं को हिंदुत्व की रक्षा के लिए आक्रामक होना होगा। मन में व्याप्त भ्रम, अनिश्चितता, विरोधाभास के अंधकार को दूर करना होगा। आदर्श शिक्षा देकर बेटियों को बचाना और पढ़ाना होगा।
उनके संबोधन का सार यही था कि जो हिंदू हित की बात करेगा, वही देश पर राज करेगा।
चेतना के अध्यक्ष, अंतरराष्ट्रीय कवि एवं देश के जाने-माने एंकर राजेश चेतन ने प्रभावशाली मंच संचालन करते हुए कहा कि यह हिंदू जागरण की अनिवार्यता का दौर है। विडंबना यह है कि हम स्वयं नहीं जाग पा रहे, हमें जगाने के लिए किसी और को प्रेरक बन कर आना पड़ रहा है।
राजेश चेतन ने बताया कि
पूर्व विधायक जय भगवान अग्रवाल की गरिमापूर्ण उपस्थिति ने कार्यक्रम में सभी का मनोबल बढ़ाया।
उन्होंने बताया कि कार्यक्रम की अन्य विशेषता रही सुप्रसिद्ध भजन गायक पंडित अविनाश अद्वैत द्वारा की गई भजन क्लबिंग।
उन्होंने भगवान श्रीराम की अर्चना से भजन की शुरुआत की और फिर माता सीता, हनुमान जी, श्री राधे, श्रीकृष्ण, श्री खाटू श्याम जी, श्री बालाजी, सप्तॠषि, माता पार्वती फिर देवों के देव महादेव शंकर के भजनों से घंटों ऐसा समां बांधा कि सभागार में उपस्थित हर व्यक्ति भक्ति सागर में गहरे..और गहरे डूबता गया।
इसके बाद पंडित अविनाश अद्वैत अपने गायन का ट्रैक बदल देशभक्ति और राष्ट्र प्रेम की ओर ले गए। प्रत्येक व्यक्ति अभिभूत और भावविभोर हो गया।
सेमिनार के समापन अवसर पर डा. सुनील विश्वनाथ देवधर के राष्ट्रीय मिशन ‘माई होम इंडिया’ व ‘सपनों से अपनों तक’
के लिए उपस्थित महानुभावों ने दिल खोल कर आर्थिक योगदान देने की घोषणा भी की।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox