“रोजाना कार्बोनेटेड ड्रिंक्स और कॉफी से स्ट्रोक का खतरा 37% तक बढ़ सकता है: नई रिसर्च”

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“रोजाना कार्बोनेटेड ड्रिंक्स और कॉफी से स्ट्रोक का खतरा 37% तक बढ़ सकता है: नई रिसर्च”

सेहत/नई दिल्ली/अनीशा चौहान/-  कई लोगों के दिन की शुरुआत चाय या कॉफी के साथ होती है। यह आम आदत विशेषकर व्यस्त जीवनशैली के चलते लोगों में देखी जाती है। इसके साथ ही आजकल लोग बाहर के खाने और जंक फूड को भी पसंद करने लगे हैं, जिसमें सोडा या कोल्ड ड्रिंक जैसी चीजें भी शामिल होती हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह सब आपकी सेहत पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है?

जब सेहत की बात आती है, तो हमारा ध्यान सीधे हमारे खाने-पीने की आदतों पर जाता है। यह बात विशेष रूप से तब और महत्वपूर्ण हो जाती है जब हम कार्बोनेटेड पेय और सोडा जैसी चीजों का नियमित सेवन करते हैं। कई शोधों ने यह साबित किया है कि इन पेय पदार्थों का सेवन हमारे शरीर में स्ट्रोक (लकवे) का खतरा बढ़ा सकता है। यही नहीं, प्रतिदिन चार कप कॉफी पीने से भी स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।

क्या कहती हैं रिसर्च?

हाल ही में मैकमास्टर यूनिवर्सिटी कनाडा और यूनिवर्सिटी ऑफ गैलवे के शोधकर्ताओं ने यह निष्कर्ष निकाला कि प्रतिदिन कार्बोनेटेड पेय, कॉफी या अन्य शुगरी ड्रिंक्स के सेवन से स्ट्रोक का खतरा 37% तक बढ़ सकता है। जनरल ऑफ स्ट्रोक और इंटरनेशनल जनरल ऑफ स्ट्रोक के अनुसार, शुगर से बने कार्बोनेटेड पेय से स्ट्रोक का खतरा 22% तक बढ़ जाता है। इस शोध में 27 देशों के लगभग 27,000 लोगों को शामिल किया गया, जिसमें 13,500 लोगों ने पहली बार स्ट्रोक का अनुभव किया था।

स्ट्रोक कैसे होता है?

विशेषज्ञों के अनुसार, जब मस्तिष्क के किसी हिस्से में रक्त की आपूर्ति बंद हो जाती है या मस्तिष्क की कोशिकाएं क्षतिग्रस्त हो जाती हैं, तो स्ट्रोक की स्थिति उत्पन्न होती है। यह स्थिति इस्केमिक स्ट्रोक के रूप में जानी जाती है, जो सामान्यतः ब्लड क्लॉट (खून के थक्के) के कारण होती है। इस स्थिति में मस्तिष्क के अंदर रक्तस्राव (ब्रेन हेमरेज) होने का खतरा होता है, जिससे गंभीर समस्या हो सकती है।

इन ड्रिंक्स से स्ट्रोक क्यों होता है?

शोध से पता चला है कि कार्बोनेटेड ड्रिंक्स और पैकेज्ड फ्रूट जूस जैसे पेय पदार्थों में अतिरिक्त शुगर और प्रिजर्वेटिव्स होते हैं। इनके अत्यधिक सेवन से शरीर में शुगर का स्तर बढ़ जाता है, जिससे स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ जाता है। खासकर मोटापे से ग्रस्त व्यक्ति, किसी पुरानी बीमारी से पीड़ित लोग और महिलाएं इस जोखिम के प्रति अधिक संवेदनशील होती हैं।

सेहत के लिए क्या पिएं?

हालांकि चाय और कॉफी को एकदम से छोड़ना मुश्किल हो सकता है, लेकिन इसका सेवन कम किया जा सकता है। इसके बजाय आप ग्रीन टी या हर्बल टी का चयन कर सकते हैं, जो सेहत के लिए लाभदायक होते हैं। इसके अलावा, यदि आप दूध का सेवन करते हैं, तो गाय के दूध की जगह बादाम, सोया या ओट्स से बनने वाले फोर्टिफाइड मिल्क का उपयोग कर सकते हैं। ये विकल्प स्वास्थ्य के लिए बेहतर माने जाते हैं और इनमें उन हानिकारक तत्वों की कमी होती है जो कार्बोनेटेड ड्रिंक्स में पाई जाती हैं।

अतः सेहतमंद जीवन के लिए अपनी खाने-पीने की आदतों को सुधारना बेहद जरूरी है। नियमित रूप से पानी पीना और संतुलित आहार लेना आपकी सेहत को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकता है।

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