कांग्रेस ने 50 प्रतिशत आरक्षण सीमा खत्म करने का किया चुनावी वादा

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 4, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

कांग्रेस ने 50 प्रतिशत आरक्षण सीमा खत्म करने का किया चुनावी वादा

-कांग्रेस ने जारी किया घोषणापत्र, 25 गारंटी पर खेला दांव

नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- लोकसभा चुनाव 2024 की रणभेरी बज चुकी है। ऐसे में सभी दल मतदाताओं को लुभाने के लिए अपना लोकलुभावन घोषणा पत्र जारी कर रहे है। कांग्रेस ने भी लोकसभा चुनाव 2024 के लिए शुक्रवार को अपना घोषणा-पत्र जारी कर दिया है। कांग्रेस ने अपने घोषणा पत्र में श्रमिक न्याय और हिस्सेदारी न्याय के लिए जहां पांच गारंटी का खुलासा किया है वहीं कुल 25 गारंटी पर दाव खेला है। हालंकि कांग्रेस ने आखिरी समय में अपना दाव खेला है लेकिन इसमें कांग्रेस ने 50 प्रतिशत आरक्षण सीमा खत्म करने का भी चुनावी वादा किया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी नई दिल्ली में अखिल भारतीय कांग्रेस समिति मुख्यालय में घोषणा पत्र जारी किया।

कांग्रेस का घोषणा पत्र जारी करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने   लोकसभा चुनाव से पहले ’श्रमिक न्याय’ (श्रम न्याय) और ’हिस्सेदारी न्याय’ (सहभागी न्याय) के लिए 5 और गारंटी की घोषणा की। कांग्रेस प्रमुख ने गारंटी की घोषणा करते हुए कहा, ’हिस्सेदारी न्याय’ के तहत, कांग्रेस एक व्यापक सामाजिक, आर्थिक और जाति जनगणना की गारंटी देती है।’ ’हिस्सेदारी न्याय’ का वादाः कांग्रेस पार्टी ने जनसंख्या, सामाजिक-आर्थिक स्थितियों और शासन संस्थानों में प्रतिनिधित्व का सर्वेक्षण करने के लिए एक व्यापक जनगणना का वादा किया।
          पार्टी ने संवैधानिक संशोधन के माध्यम से एससी, एसटी और ओबीसी के लिए आरक्षण सीमा को 50 फीसदी तक बढ़ाने का भी वादा किया। इसके अतिरिक्त, उन्होंने एससी और एसटी के लिए विशेष घटक योजना को पुनर्जीवित करने और कानूनी रूप से लागू करने की कसम खाई। पार्टी ने आदिवासी वन अधिकारों की सुरक्षा, एक साल के भीतर लंबित दावों को हल करने, लघु वन उपज के लिए एमएसपी बढ़ाने और आदिवासी विरोधी संशोधनों को वापस लेने का भी वादा किया।

’श्रमिक न्याय’ का वादाः
पार्टी ने श्रमिकों के अधिकारों और सामाजिक सुरक्षा में सुधार लाने के उद्देश्य से व्यापक सुधारों का वादा किया।
इसमें सार्वभौमिक स्वास्थ्य देखभाल कवरेज वाले श्रमिकों के लिए स्वास्थ्य अधिकारों की गारंटी देना, राष्ट्रीय न्यूनतम वेतन को 400 रुपये प्रति दिन तक बढ़ाना, शहरी रोजगार गारंटी कानून पेश करना और असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए जीवन और दुर्घटना बीमा प्रदान करना शामिल है।
          कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आगामी लोकसभा चुनाव से पहले देश के युवाओं की शिकायतों पर ध्यान देने के लिए 7 मार्च को ’युवा घोषणापत्र’ की घोषणा की थी।
घोषणापत्र में 25 वर्ष की आयु तक डिप्लोमा धारकों के लिए 1 लाख के वार्षिक नौकरी पैकेज की गारंटी, पेपर लीक से छुटकारा पाने के लिए कड़े कानून बनाने की प्रतिबद्धता, गिग अर्थव्यवस्था में सामाजिक सुरक्षा उपायों की स्थापना, 30 लाख की पूर्ति की गारंटी देने का वादा किया गया है। सरकारी नौकरी की रिक्तियां, और ’युवा रोशनी’ की शुरुआत का उद्देश्य 40 वर्ष से कम उम्र के व्यक्तियों के बीच स्टार्टअप को बढ़ावा देना है।
पार्टी ने कहा, “प्रत्येक ’न्याय’ में पांच बिंदु होंगे, इन तीन गारंटी में कुल 15 होंगे। ’भारत जोड़ो न्याययात्रा’ का मुख्य उद्देश्य सभी भारतीयों के लिए ’न्याय’ है – सामाजिक न्याय, आर्थिक न्याय और राजनीतिक न्याय।“ .

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox