जब तक दवाई नहीं, तब तक ढिलाई नहीं- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
May 13, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

जब तक दवाई नहीं, तब तक ढिलाई नहीं- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/द्वारका/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हम एक कठिन समय से निकलकर आगे बढ़ रहे हैं। ऐसे समय में थोड़ी सी भी लापरवाही हमारी गति को रोक सकती है, हमारी खुशियों को धूमिल कर सकती है। जीवन की जिम्मेदारियों को निभाना और सतर्कता ये दोनो साथ-साथ चलेंगे तभी जीवन में खुशियां बनी रहेंगी।
पीएम मोदी ने कहा कि जब भी कोरोना वायरस की वैक्सीन आएगी, उसे जल्द से जल्द प्रत्येक भारतीय तक कैसे पहुंचाया जाएगा, इसके लिए भी सरकार की तैयारी जारी है। एक-एक नागरिक तक वैक्सीन पहुंचे, इसके लिए तेजी से काम हो रहा है। प्रधानमंत्री ने कहा कि हम कई सालों बाद हम देख रहे हैं कि मानवता को बचाने के लिए युद्धस्तर पर काम हो रहा है। कई देश इसके लिए काम कर रहे हैं। हमारे देश के वैज्ञानिक भी वैक्सीन के लिए जी-जान से जुटे हैं। भारत में अभी कोरोना की कई वैक्सीन पर काम चल रहा है। इनमें से कुछ उन्नत चरणों में हैं। पीएम मोदी ने कहा कि आज अमेरिका हो या फिर यूरोप के दूसरे देश, इन देशों में कोरोना के मामले कम हो रहे थे, लेकिन अचानक से फिर बढ़ने लगे। इसलिए जब तक सफलता पूरी न मिल जाए, लापरवाही नहीं करनी चाहिए। जब तक इस महामारी की वैक्सीन नहीं आ जाती, हमें कोरोना से अपनी लड़ाई को कमजोर नहीं पड़ने देना है। प्रधानमंत्री ने कहा कि हाल के दिनों में हम सबने बहुत सी तस्वीरें, वीडियो देखे हैं जिनमें साफ दिखता है कि कई लोगों ने अब सावधानी बरतना बंद कर दिया है। ये ठीक नहीं है। अगर आप लापरवाही बरत रहे हैं, बिना मास्क के बाहर निकल रहे हैं, तो आप अपने आपको, अपने परिवार को, अपने परिवार के बच्चों और बुजुर्गों को उतने ही बड़े संकट में डाल रहे हैं।
पीएम मोदी ने कहा कि आज देश में रिकवरी रेट (कोरोना से ठीक होने की दर) अच्छा है, मृत्यु दर कम है। दुनिया के साधन-संपन्न देशों की तुलना में भारत अपने ज्यादा से ज्यादा नागरिकों का जीवन बचाने में सफल हो रहा है। कोविड महामारी के खिलाफ लड़ाई में जांच की बढ़ती संख्या हमारी एक बड़ी ताकत रही है। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि कोरोना के खिलाफ लड़ाई में जनता कर्फ्यू से लेकर हम सभी ने बहुत लंबा सफर तय किया है। समय के साथ आर्थिक गतिविधियों में भी धीरे-धीरे तेजी नजर आ रही है। हममें से अधिकांश अपनी जिम्मेदारियां निभाने के लिए, जीवन को गति देने के लिए रोज घरों से निकल रहे हैं। त्योहारों के इस मौसम में बाजारों में भी रौनक लौट रही है। लेकिन हमें भूलना नहीं है कि लॉकडाउन भले चला गया हो, वायरस नहीं गया है। देश में जो स्थिति सुधरी है उसे बिगड़ने नहीं देना है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 30 जून को छठी बार देश को संबोधित किया था। प्रधानमंत्री मोदी ने अपने लगभग 16 मिनट के संबोधन में कोरोना को केंद्र में रखा था और लोगों से लापरवाही न करने की अपील की थी। इसके अलावा उन्होंने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के विस्तार की घोषणा की थी। उन्होंने नवंबर तक इस योजना का विस्तार किया था।
प्रधानमंत्री मोदी ने 12 मई को पाचवीं बार राष्ट्र को संबोधित किया था। अपने इस संबोधन में उन्होंने 20 लाख करोड़ रुपये के आर्थिक पैकेज का एलान किया था। इसके तहत देश के छोटे व्यापारियों, श्रमिकों और गरीबों को आर्थिक सहायता और ऋण की मदद देने की घोषणा की गई थी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल को राष्ट्र को चैथी बार संबोधित किया था। अपने इस संबोधन में प्रधानमंत्री ने लॉकडाउन 2.0 का एलान किया था और लॉकडाउन की अवधि बढ़ाकर तीन मई कर दी थी। केंद्र सरकार ने राज्य सरकारों की ओर से मिले सुझावों के आधार पर लॉकडाउन को बढ़ाया था।
कोरोना काल के दौरान प्रधानमंत्री ने तीन अप्रैल को तीसरी बार देशवासियों को संबोधित किया था। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में लोगों से पांच अप्रैल को रात नौ बजे नौ मिनट के लिए घर की लाइट बुझाकर छत पर या बालकनी में दीये जलाने की अपील की थी। पीएम ने कहा था, श्हम प्रकाश की ताकत से कोरोना के अंधकार को मिलकर मात देंगे।श्
24 मार्च को प्रधानमंत्री मोदी ने दूसरी बार देश को संबोधित करते हुए कोरोना वायरस से लड़ने के लिए देशवासियों से कुछ समय की मांग की थी। रात आठ बजे के अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने पूरे देश में 21 दिनों के लिए लॉकडाउन करने की घोषणा कर दी थी।
कोरोना वायरस को लेकर देशवासियों को पहली बार प्रधानमंत्री मोदी ने 19 मार्च 2020 को रात आठ बजे संबोधित किया था। उन्होंने लोगों से सहयोग की अपील करते हुए रविवार, 22 मार्च को जनता कर्फ्यू का एलान किया था। साथ ही उन्होंने 22 मार्च को शाम पांच बजे, पांच मिनट तक उन सभी लोगों का ताली बजाकर धन्यवाद जताने की अपील की थी, जो खतरा उठाकर आवश्यक कामों में लगे हैं।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox