पराली जलाने की समस्या से निपटने के लिए केंद्र बनाएगा नया कानून

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

February 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
232425262728  
February 8, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

पराली जलाने की समस्या से निपटने के लिए केंद्र बनाएगा नया कानून

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/द्वारका/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- पराली जलाने की समस्या से निपटने के लिए केंद्र सरकार नया कानून लाएगी। सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को यह बताया है कि नए कानून के तहत एक संस्था का गठन किया जाएगा, जो सभी संबंधित राज्यों से समन्वय स्थापित कर इस समस्या का हल करेगी। पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में फसल के अवशेष जलाए जाने से होने वाला धुआं हर साल अक्टूबर-नवंबर के महीने में दिल्ली एनसीआर में प्रदूषण की बड़ी वजह बनता है।
16 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने पराली जलाने की समस्या से निपटने का जिम्मा अपने पूर्व जज जस्टिस मदन लोकुर को सौंपा था। कोर्ट ने कहा था कि जस्टिस लोकुर की एक सदस्यीय कमिटी राज्यों से रिपोर्ट लेगी और जरूरी निर्देश देगी। यह कमिटी छब्ब्, छैै और भारत स्काउट के सदस्यों के जरिए खेतों की निगरानी भी करवाएगी। आज कोर्ट ने केंद्र के अनुरोध पर इस आदेश को फिलहाल स्थगित कर दिया। कोर्ट ने इस बात पर संतोष जताया कि सरकार अपनी तरफ से एक उच्चस्तरीय संस्था का गठन कर रही है।
याचिकाकर्ता आदित्य दुबे के वकील विकास सिंह ने सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता की तरफ से रखे गए इस प्रस्ताव पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा, इस साल भी प्रदूषण की समस्या की शुरुआत हो चुकी है। सुप्रीम कोर्ट ने आपातकालीन स्थिति को देखते हुए जस्टिस लोकल कमेटी का गठन किया था लेकिन अब सरकार नई व्यवस्था बनाने की बात कह रही है। इसे लागू होने में 1 साल लग जाएंगा जिसकारण इस साल भी दिल्ली एनसीआर के लोगों को प्रदूषण झेलना होगा।
केंद्र सरकार के लिए पेश हुए सॉलिसीटर जनरल ने याचिकाकर्ता के वकील को आश्वस्त करते हुए कहा कि हमारी सरकार बहुत तेज काम करती हैं, आप निश्ंिचत रहिए। जो व्यवस्था बनाई जानी है, उसकी जानकारी दो-तीन दिनों में सामने आ जाएगी और जल्द से जल्द उसे लागू भी कर दिया जाएगा। पराली जलाने और दिल्ली एनसीआर में प्रदूषण की समस्या से युद्धस्तर पर निपटा जाएगा। मामले में एमिकस क्यूरी की हैसियत से कोर्ट की सहायता कर रहे वरिष्ठ वकील हरीश साल्वे ने भी केंद्र के प्रस्ताव का समर्थन किया। मामले में एमिकस क्यूरी की हैसियत से कोर्ट की सहायता कर रहे वरिष्ठ वकील हरीश साल्वे ने भी केंद्र के प्रस्ताव का समर्थन किया. कोर्ट मामले पर 29 अक्टूबर को आगे सुनवाई करेगा।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox