कोरोना से रिकवर हुए मरीजों के लिए प्रदूषण खतरनाक, नही टला है अभी खतरा

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
June 24, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

कोरोना से रिकवर हुए मरीजों के लिए प्रदूषण खतरनाक, नही टला है अभी खतरा

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/द्वारका/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के चलते दुनियाभर में अब तक लाखों लोगों की मौत हो चुकी है। दुनियाभर की अर्थव्यवस्थाएं चैपट हो चुकी हैं। भारत में जहां कोरोना के दैनिक मामलों में गिरावट और रिकवरी रेट में बढ़ोतरी राहत की खबर है। हालांकि, रिकवर हो चुके लोगों के लिए खतरा अभी टला नहीं है क्योंकि रिकवर हुए मरीजों के लिए प्रदुषण काफी खतरनाक साबित हो सकता है इस लिए चिकित्सकों ने सावधानी बरतने की सलाह दी है।
डॉक्टरों का कहना है कि जो लोग कोरोना वायरस से रिकवर हो चुके हैं। उच्च प्रदूषण उनके लिए खतरनाक हो सकता है। डॉक्टरों ने कहा है कि वायु प्रदूषण वाले शहरों में रहने वाले रिकवर लोगों को फ्लू की वैक्सीन लेनी चाहिए। वायु प्रदूषण से कोरोना रोगियों की संवेदनशीलता, अस्पताल में भर्ती होने और मृत्यु का जोखिम बढ़ सकता है। डॉक्टरों का मानना है कि वायु प्रदूषण से लॉन्ग कोविड (कोरोना के लक्षण लंबे समय तक रहना) के लक्षणों में इजाफा हो सकता है, जो रिकवर मरीजों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है। एक रिपोर्ट में बताया गया कि रोम के एक अस्पताल में कोरोना से 143 मरीज ठीक हुए, लेकिन उनमें से 87 फीसदी में दो महीने बाद ही कोरोना के कम से कम एक लक्षण दिखाई देने लगे। मरीजों ने खांसी, थकान, दस्त, जोड़ों का दर्द आदि की शिकायत की। 
बीबीसी समाचार की रिपोर्ट के अनुसार, वृद्ध लोगों, महिलाओं, अधिक वजन वाले और मोटे लोगों, अस्थमा के रोगियों में शुरुआती पांच सप्ताह में अगर कोरोना के लक्षण पाए जाते हैं, उन्हें लॉन्ग कोविड का खतरा अधिक होता है। वहीं, जिन लोगों में कोरोना के हल्के लक्षण या बिना लक्षण वाले लोगों के लिए भी खतरा अधिक है। वहीं, एम्स के निदेशक डॉ रणदीप गुलेरिया ने कहा, त्योहार का मौसम आ चुका है। इस दौरान तापमान में गिरावट होगी और प्रदूषण का स्तर बढ़ेगा। बाजारों में लोगों की भीड़ भी होगी, इसलिए लॉन्ग कोविड वाले लोगों को फ्लू की वैक्सीन लेनी चाहिए। 

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox