AAP विधायक अमानतुल्लाह खान को बड़ी राहत, कोर्ट ने गिरफ्तारी पर लगाई रोक

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

July 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
2728293031  
July 7, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

AAP विधायक अमानतुल्लाह खान को बड़ी राहत, कोर्ट ने गिरफ्तारी पर लगाई रोक

मानसी शर्मा/- आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक अमानतुल्लाह खान को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर 24फरवरी तक रोक लगा दी है और उन्हें पुलिस की जांच में शामिल होने का आदेश दिया है। पुलिस जांच में शामिल होने का आदेश सरकारी वकील ने अदालत से अनुरोध किया कि अमानतुल्लाह खान को इलाके से तड़ीपार किया जाए, क्योंकि इससे कानून और व्यवस्था की समस्या उत्पन्न हो सकती है। इस पर अमानतुल्लाह खान के वकील ने जवाब दिया कि वह खुद वहां के विधायक हैं और उसी इलाके के निवासी भी हैं, ऐसे में वह वहां से कैसे दूर रह सकते हैं।

अमानतुल्लाह खान ने राउज एवेन्यू कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की थी, जिस पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने सवाल किया कि इतनी देर से जमानत याचिका क्यों दाखिल की गई? कोर्ट ने यह भी पूछा कि इतने समय तक आप क्या कर रहे थे? क्या है पूरा मामला? अमानतुल्लाह खान पर आरोप है कि उन्होंने सरकारी काम में बाधा डालने की कोशिश की और एक शख्स को हिरासत से भागने में मदद की। दिल्ली पुलिस ने सोमवार को जामिया नगर में एक पुलिस दल पर हमले के मामले में अमानतुल्लाह खान के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। पुलिस का कहना है कि विधायक की अगुवाई में आई भीड़ ने हत्या के प्रयास के एक आरोपी को हिरासत से भगाने में मदद की।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के अनुसार, यह घटना उस समय हुई जब दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा शाहबाज खान नामक आरोपी को गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही थी। इस दौरान, अमानतुल्लाह खान के समर्थकों ने कथित रूप से पुलिस दल से भिड़ते हुए शाहबाज को भागने में मदद की। अमानतुल्लाह ने अपने बचाव में क्या कहा? अमानतुल्लाह खान ने सफाई देते हुए कहा कि उन्हें एक स्थानीय व्यक्ति को बचाने के लिए कहा गया था, लेकिन उनका उससे कोई निजी संबंध नहीं है। जब उन्होंने आसपास के लोगों से पूछा, तो पता चला कि सादे कपड़ों में आए लोग उसे धमका रहे थे। बाद में अमानतुल्लाह को पता चला कि उस व्यक्ति को 2018 में साकेत अदालत से अग्रिम जमानत मिल चुकी थी।

इसके बावजूद, खुद को पुलिस बताने वाले लोग उसे गिरफ्तार करने और दूसरों को डराने की कोशिश कर रहे थे। अमानतुल्लाह ने दावा किया कि इन लोगों ने अपनी पहचान बताने से इनकार कर दिया और उन्हें झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। जब उस व्यक्ति ने अदालत का आदेश दिखाया, तो वे वहां से चले गए।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox