लद्दाख हिंसा के बाद सरकार ने जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की संस्था का FCRA रद्द किया

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

April 2026
M T W T F S S
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
27282930  
April 17, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

लद्दाख हिंसा के बाद सरकार ने जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की संस्था का FCRA रद्द किया

मानसी शर्मा /-  लद्दाख में हालिया हिंसा के बाद सरकार ने जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक पर कार्रवाई करते हुए उनकी गैर-लाभकारी संस्था SECMOL का एफसीआरए (FCRA) पंजीकरण रद्द कर दिया है। आरोप है कि संस्था ने विदेशी फंडिंग से जुड़े नियमों का बार-बार उल्लंघन किया।

एक अधिकारी ने बताया कि CBI ने वांगचुक के स्थापित संस्थानों में FCRA उल्लंघन की प्रारंभिक जांच पहले ही शुरू कर दी थी। हालांकि, इस मामले में अभी तक कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई है।

गृह मंत्रालय ने जारी किया नोटिस

गृह मंत्रालय ने पाया कि संस्था ने FCRA और संबंधित नियमों का कई बार उल्लंघन किया। इसी के चलते मंत्रालय ने 20 अगस्त 2025 को शो कॉज नोटिस जारी किया, जिसमें पूछा गया कि क्यों उसका लाइसेंस रद्द नहीं किया जाना चाहिए। इसके बाद 10 सितंबर 2025 को इस नोटिस की याद दिलाई गई। SECMOL ने 19 सितंबर 2025 को अपना जवाब पेश किया।

जांच में सामने आए उल्लंघन

गृह मंत्रालय ने जवाब की जांच के बाद पाया कि संस्था ने कई उल्लंघनों को अंजाम दिया, जिनमें शामिल हैं:

FY 2020-21 में तीन व्यक्तियों द्वारा जमा की गई 54,600 रुपये गलती से FCRA खाते में डाली गई।

FY 2021-22 में सोनम वांगचुक से प्राप्त 3.35 लाख रुपये का योगदान FCRA खाते में सही तरीके से नहीं दिखाया गया।

विदेशी दान प्राप्त करने के बावजूद उचित लेखा विवरण पेश नहीं किया।

इन उल्लंघनों के आधार पर मंत्रालय ने SECMOL का FCRA लाइसेंस रद्द कर दिया। मंत्रालय का कहना है कि संस्था के ये कदम FCRA नियमों के खिलाफ हैं और विदेशी योगदान का दुरुपयोग है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox