प्रधानमंत्री मोदी ने लाल किले से दिया 78वें स्वतंत्रता दिवस पर अभिभाषण: महत्वपूर्ण घोषणाएं और संकल्प

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प्रधानमंत्री मोदी ने लाल किले से दिया 78वें स्वतंत्रता दिवस पर अभिभाषण: महत्वपूर्ण घोषणाएं और संकल्प

नई दिल्ली/अनीशा चौहान/- भारत के लोग आजादी के महोत्सव में डूबे हुए हैं। 78वें स्वतंत्रता दिवस का जश्न दुनियाभर में भारतीयों द्वारा धूमधाम से मनाया जा रहा है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लगातार 11वीं बार लाल किले के प्राचीर से देश को संबोधित किया। अपने डेढ़ घंटे के अभिभाषण में पीएम मोदी ने कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बात की और भविष्य के लिए कई घोषणाएं कीं। आइए जानते हैं पीएम के भाषण की बड़ी बातें:

श्रीअन्न को हर खाने के टेबल पर पहुंचाना

प्रधानमंत्री मोदी ने मोटे अनाज (श्रीअन्न) को लेकर चलाए जा रहे अभियान की बात की। उन्होंने कहा कि 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए विभिन्न सुझाव प्राप्त हुए हैं, जिनमें से एक प्रमुख सुझाव यह है कि मोटे अनाज को दुनिया के हर डाइनिंग टेबल पर पहुंचाना है।

सेना के शौर्य को सलाम

पीएम मोदी ने देश की सेना के शौर्य को सलाम किया और बताया कि आज देश की सेना सर्जिकल स्ट्राइक करती है और एयर स्ट्राइक करती है, जिससे देशवासियों का गर्व बढ़ता है।

मेडिकल में सीटें बढ़ेंगी

प्रधानमंत्री ने मेडिकल छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि मेडिकल की पढ़ाई के लिए अगले पांच वर्षों में 75 हजार सीटें बढ़ाई जाएंगी। इसके अलावा, किसानों के बच्चों को अच्छी शिक्षा मिल सके, इस पर भी सरकार काम कर रही है।

2036 के ओलंपिक की तैयारी

पीएम मोदी ने जी-20 के संदर्भ में कहा कि भारत 2036 के ओलंपिक खेलों की मेज़बानी के लिए तैयारी कर रहा है। उन्होंने पेरिस ओलंपिक में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को बधाई दी और पैरालंपिक के लिए जाने वाले एथलीट्स को शुभकामनाएं दीं।

विकसित भारत का संकल्प दोहराया

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत की आजादी का सपना संघर्ष और बलिदान का परिणाम है। उन्होंने 1857 के स्वतंत्रता संग्राम और उससे पूर्व के संघर्षों की याद दिलाते हुए कहा कि देशवासियों ने गुलामी की जंजीरों को तोड़कर दुनिया की महासत्ता को उखाड़ फेंकने का काम किया था।

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