नूंह में दलित महिलाओं पर पथराव, 9 घायल

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October 8, 2026

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नूंह में दलित महिलाओं पर पथराव, 9 घायल

-बोली मस्जिद से हुआ पथराव, कुआं पूजन कर लौट रही थी -लोगों के विरोध प्रदर्शन के बाद एफआईआर दर्ज, पुलिस ने तीन नाबालिग पकड़े

गुरुग्राम/शिव कुमार यादव/- नूंह में गुरुवार देर शाम कुआं पूजन करके आ रही दलित महिलाओं पर कुछ शरारती तत्वों द्वारा पथराव करने का मामला सामने आया है। इसमें 9 महिलाओं के घायल होने की सूचना है। मामला दो समुदायों में होने के कारण तुरंत पुलिस मौके पर पहुंची और उन्होंने मामले को शांत करने की कोशिश की। महिलाओं के अनुसार जब वो कुआं पूजन की रस्म पूरी कर लौट रही थी तो उनके उपर मस्जिद से पथराव किया गया। पथराव की घटना के विरोध में शुक्रवार को लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। जिसके बाद मौके पर पहुंचकर पुलिस ने लोगों को शांत कराया। पुलिस ने इस मामले में तीन नाबालिगों को पकड़ने की जानकारी दी है।

पथराव की घटना पर नूंह एसपी नरेंद्र सिंह बिजारनिया ने बताया कि महिलाओं की शिकायत पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। मदरसे से फुटेज आए थे, जिसमें तीन लड़के खड़े दिख रहे थे। उसके आधार पर तीन लड़कों की पहचान कर ली गई है। इन तीनों को राउंड अप कर लिया गया है और अब इन्हें कोर्ट में पेश किया जाएगा। आठ महिलाओं ने एफआईआर दर्ज कराई है और इन्हें मामूली चोटें आई हैं। हम तीनों लड़कों से पूछताछ कर रहे हैं कि यह घटना क्यों हुई। तीनों बच्चे नाबालिग हैं। हम महिलाओं द्वारा लगाए गए सभी आरोपों की जांच करेंगे। स्थिति नियंत्रण में है, और दोनों समुदायों के नेताओं को सुबह बुलाया गया था।
          इस मामले में डीएसपी नूंह वीरेंद्र सिंह ने बताया कि हमने एफआईआर दर्ज कर ली है और जांच चल रही है और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। यहां के लोगों ने घटना की जांच की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन किया है और हमने पहले ही इसकी शुरुआत कर दी है। लोग इस पर सहमत हो गए हैं। मैं लोगों से शांति बनाए रखने की अपील करता हूं।
         गुरुवार को पीड़ित परिवार व शहर के कुछ लोगों द्वारा इस घटना का पुरजोर विरोध किया गया। कुछ लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सड़क को जाम कर दिया। इसी दौरान बड़े मदरसे के मुफ्ती जाहिद भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने लोगों को समझाने का प्रयास किया। मामला बढ़ता देख खुद पुलिस कप्तान नरेंद्र बिजारनिया घटनास्थल पर पहुंचे और पुलिस ने वहां जमा भीड़ को खदेड़ दिया। पुलिस कप्तान ने साफ कहा  कि इस मामले में जो भी दोषी है, उसको किसी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा

प्राप्त जानकारी के मुताबिक वार्ड नंबर 10 के निवासी दयाराम के बेटे दीपू को पुत्र प्राप्ति हुई थी। हिंदू रीति रिवाज के मुताबिक घर व आसपास की कुछ महिलाएं कैलाश मंदिर पर कुआं पूजन के लिए जा रही थीं। जाते समय उन पर किसी ने एक-दो पत्थर फेंक दिए। इसे अनदेखा करते हुए महिलाएं कुआं पूजन करने चली गईं। आरोप है कि आते वक्त शहर के बड़े मदरसे से उन पर फिर कुछ शरारती तत्वों ने पत्थर फेंके। इसमें कई महिलाओं को चोट आई। मामला दो समुदायों का होने के कारण सूचना आग की तरह फैल गई। थोड़ी देर में बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। कुछ लोगों ने मौके पर आकर पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस कप्तान ने भी तुरंत मोर्चा संभाला।

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