दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव 2025

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-छात्रों की राजनीति का सबसे बड़ा संग्राम, कल होगा मतदान, 19 सितंबर को आएगा नतीजा

नई दिल्ली/उमा सक्सेना/-     दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) चुनाव को देश का सबसे प्रतिष्ठित छात्र चुनाव माना जाता है। यह केवल विश्वविद्यालय तक सीमित चुनाव नहीं है, बल्कि यहां का नतीजा अक्सर राष्ट्रीय राजनीति की दिशा और छात्रों की सोच का आईना भी माना जाता है। इस बार डूसू चुनाव को लेकर छात्रों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। गुरुवार 18 सितंबर को मतदान होगा और नतीजे अगले दिन यानी 19 सितंबर को घोषित किए जाएंगे।

इस बार मैदान में 20 उम्मीदवार
चारों पदों— अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव—के लिए कुल 20 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। खास मुकाबला भारतीय जनता पार्टी से जुड़े अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) और कांग्रेस समर्थित राष्ट्रीय छात्र संघ (NSUI) के बीच देखा जा रहा है। एबीवीपी ने अध्यक्ष पद के लिए आर्यन मान, उपाध्यक्ष के लिए गोविंद तंवर, सचिव पद के लिए कुणाल चौधरी और संयुक्त सचिव पद पर दीपिका झा को मैदान में उतारा है। वहीं एनएसयूआई की ओर से अध्यक्ष पद की दावेदारी जोसलीन चौधरी कर रही हैं, उपाध्यक्ष पद के लिए राहुल झांसला, सचिव पद पर कबीर और संयुक्त सचिव के लिए लवकुश भदाना मैदान में हैं।

पिछले साल का परिणाम
पिछले वर्ष एनएसयूआई ने सात साल बाद अध्यक्ष पद पर जीत हासिल कर बड़ी वापसी की थी। इसके साथ ही संगठन ने संयुक्त सचिव की सीट भी अपने नाम की थी। वहीं एबीवीपी उपाध्यक्ष और सचिव पद पर कब्जा करने में सफल रही थी। यही वजह है कि इस बार का चुनाव और भी रोचक माना जा रहा है।

क्यों अहम है यह चुनाव?
डूसू चुनाव 2025 में करीब 2.75 लाख विद्यार्थी मतदान करेंगे। डूसू पैनल के चुनाव के लिए इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) का इस्तेमाल होगा, जबकि कॉलेज काउंसलर के लिए बैलेट पेपर से वोटिंग कराई जाएगी। चुनाव प्रक्रिया के लिए 700 से अधिक ईवीएम तैनात की गई हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय के इस चुनाव को महत्व इसलिए भी दिया जाता है क्योंकि यहां से चुने गए कई छात्र नेता आगे चलकर राज्य और केंद्र सरकारों में मंत्री या बड़े जनप्रतिनिधि बने हैं।

अध्यक्ष पद के सभी उम्मीदवारों पर नज़र
अध्यक्ष पद पर कुल नौ उम्मीदवार हैं, जिनमें प्रमुख नाम हैं—
अंजली (Department of Buddhist Studies)
अनुज कुमार (Law Centre – II)
आर्यन मान (Department of Library and Information Science)
दिव्यांशु सिंह यादव (Campus Law Centre)
जोसलीन नंदिता चौधरी (Department of Buddhist Studies)
राहुल कुमार (Ramjas College)
उमांशी (Department of Buddhist Studies)
योगेश मीणा (Campus Law Centre)
अभिषेक कुमार (Satyawati College)

आखिर क्या है DUSU?
दिल्ली विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट du.ac.in के मुताबिक, दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) विश्वविद्यालय के अधिकांश कॉलेजों और संकायों के छात्रों का प्रतिनिधित्व करता है। हालांकि प्रत्येक कॉलेज का अपना छात्र संघ भी होता है, लेकिन डूसू चुनाव का महत्व कहीं अधिक है। यह चुनाव हर साल अगस्त-सितंबर के बीच होता है और इसमें सभी विद्यार्थी प्रत्यक्ष मतदान के माध्यम से अपने प्रतिनिधियों का चुनाव करते हैं।

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