दिल्ली मेट्रो में नौकरी दिलाने के नाम पर चल रही धोखाधड़ी का हुआ भंडाफोड़

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
June 25, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

दिल्ली मेट्रो में नौकरी दिलाने के नाम पर चल रही धोखाधड़ी का हुआ भंडाफोड़

नजफगढ़ मेट्रो न्यूज़/ नई दिल्ली/ मानसी शर्मा – सरकारी नौकरी के इच्छुक युवा अक्सर गलत वेबसाइट के चक्कर में पड़ कर अपना समय और पैसे गवां देते हैं। ऐसा ही कुछ हो रहा है, दिल्ली मेट्रो में नौकरियां दिलाने के नाम पर। एक फर्जी वेबसाइट के माध्यम से दिल्ली मेट्रो भर्ती की जानकारी का झांसा देते हुए बेरोजगार युवाओं से ठगी की जा रही है और उनकी गोपनीय जानकारियां चुराई जा रही है। ऐसा ही एक साइबर फ्रॉड करने वाले तीन आरोपियों को दिल्ली में उतरी जिला ने डीएमआरसी की फर्जी वेबसाइट बनाकर लोगों को नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी करने वाले गैंग का खुलासा किया है । इनके कब्जे से पुलिस ने 106 सिम कार्ड, नौ मोबाइल फोन, टैब, कई डेबिट व क्रेडिट कार्ड समेत अन्य आपत्तिजनक दस्तावेज और एक नई टाटा सफारी कार बरामद की है।

जिला पुलिस उपायुक्त सागर सिंह कलसी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सेक्टर 117 नोएडा निवासी नितिन, सेक्टर 63 नोएडा निवासी सुमंत और अशोक नगर निवासी शाहनवाज के रूप में हुई है। गृह मंत्रालय की क्राइम पोर्टल के जरिए शास्त्री नगर निवासी भूपेंद्र सिंह की शिकायत साइबर थाने में मिली। जिसमें शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि वह दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के खाली पदों का विज्ञापन फेसबुक पर देखा था। फेसबुक पर दिए लिंक पर क्लिक करने पर उन्हें एक व्हाट्सएप नंबर से एक मैसेज मिला। जिसमें दिल्ली मेट्रो रेल वेबसाइट का लिंक था। शिकायतकर्ता ने वेब फॉर्म पर अपना विवरण भर दिया और 49 रुपये पंजीकरण शुल्क देने के लिए डेबिट कार्ड का विवरण भी अपलोड किया। ओटीपी भरने के बाद उसके बैंक खाते से 19 हजार रुपये कट गए। इसी तरह मोती बाग निवासी आकाश से भी ठगी की गई थी। मामला दर्ज कर साइबर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर पवन तोमर की टीम ने जांच शुरू की।

दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन मैं नौकरी दिलाने का अगर आपके पास कोई ऑफर आया है तो हो जाइए अलर्ट यह फेक हो सकता है। DMRC ने अपनी वेबसाइट के करियर सेक्शन में इस बारे में अलर्ट जारी किया है. DMRC का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह कंप्यूटरीकृत है और चयन केवल उम्मीदवारों की योग्यता के आधार पर किया जाता है । DMRC ने कहा है कि उसने भर्ती करने के लिए किसी एजेंट या कोचिंग सेंटर को अपनी ओर से नियुक्त नहीं किया है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox