ईसाई धर्म प्रचारक पॉल दिनाकरन के ठिकानों पर आयकर विभाग का छापा

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 26, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

ईसाई धर्म प्रचारक पॉल दिनाकरन के ठिकानों पर आयकर विभाग का छापा

-25 ठिकानों पर मारा छापा, 118 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति का खुलासा,

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/तमिलनाडु/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- आयकर विभाग को तमिलनाडु के ईसाई धर्म प्रचारक पॉल दिनाकरन के ठिकानों से 118 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति का खुलासा हुआ है। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक दिनाकरन की संस्थाओं पर कर चोरी का आरोप है। इसी सिलसिले में विभाग ने उनके 25 ठिकानों पर छापा मारा था जिसमें 118 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति का खुलासा हुआ है। चेन्नई और कोयंबटूर में दिनाकरन की संस्था श्रमेने ब्ंससे डपदपेजतपमे से जुड़े 25 ठिकानों पर 20 जनवरी को छापा मारा गया था।
                     दिनाकरन इस क्रिश्चियन मिशनरी के प्रमुख है। इसका कामकाज कई दूसरे देशों में भी फैला है। दिनाकरन करूणया यूनिवर्सिटी के चांसलर हैं। टैक्स डिपार्टमेंट के सूत्रों ने बताया कि दिनाकरन के ठिकानों पर छापे की कार्रवाई शनिवार को खत्म हो गई। डिपार्टमेंट को कोयंबटूर में दिनाकरन के आवास से 4.7 किलो सोना भी मिला है जिसे जब्त कर लिया गया है। साथ ही 118 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति का भी पता चला है। छापे के दौरान मिले दस्तावेजों के वेरिफिकेशन का काम चल रहा है।

तमिलनाडु में खासा प्रभाव
दिनाकरन के ठिकानों पर छापेमारी की कार्रवाई 20 जनवरी को सुबह 6 बजे शुरू हुई थी। इसमें इनकम टैक्स विभाग के 200 से अधिक अधिकारी शामिल थे। अडयार में दिनाकरन के मेन ऑफिस से लेकर कोयंबटूर में उनके एजुकेशनल इंस्टीट्यूट तक छापा मारा गया था। माना जा रहा है कि विभाग के अधिकारी उनसे संगठन को मिले एफडीआई की भी जांच कर रहे हैं।
                जिसस काल्स माइनोरिटीज व करूणया यूनिवर्सिटी की स्थापना पॉल दिनाकरन के पिता डीजीएस दिनाकरण ने की थी। उनका 2008 में निधन हो गया था जिसके बाद दोनों संस्थानों की कमान पॉल दिनाकरन के हाथ में आ गई थी। उनके परिवार का तमिलनाडुमें खासा प्रभाव है और सभी सत्तारूढ़ दलों के साथ अच्छे रिश्ते रहे हैं। जब डीजीएस दिनाकरण का निधन हुआ था तो तत्कालीन मुख्यमंत्री एम करुणानिधि और नेता प्रतिपक्ष जे जयललिता दोनों में शोक संवेदना व्यक्त की थी।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox