नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नजफगढ़/शिव कुमार यादव/- राष्ट्रीय बागवानी अनुसंधान एवं विकास प्रतिष्ठान (एनएचआरडीएफ), नई दिल्ली द्वारा 6 से 8 जुलाई, 2026 के दौरान प्याज की खेती एवं कटाई उपरांत प्रबंधन विषय पर तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में मंत्रालय कृषि एवं खाद्य सुरक्षा, मलेशिया सरकार के कृषि अधिकारियों के प्रतिनिधिमंडल तथा निदेशक, जेटीएस माजू जया एसडीएन. बीएचडी., मलेशिया ने भाग लिया।


कार्यक्रम का उद्घाटन 06 जुलाई को एनएचआरडीएफ, मुख्यालय, नई दिल्ली में डॉ. पी. के. गुप्ता, निदेशक द्वारा संस्थान के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में किया गया। उद्घाटन सत्र में निदेशक ने भारत एवं मलेशिया के मध्य प्याज उत्पादन तकनीकों, गुणवत्तायुक्त बीज प्रणाली तथा कटाई उपरांत प्रबंधन के क्षेत्र में सहयोग के महत्व पर प्रकाश डाला। प्रशिक्षण कार्यक्रम में तकनीकी व्याख्यान, क्षेत्रीय भ्रमण तथा सहभागितापूर्ण चर्चाओं का आयोजन किया गया, जिनका उद्देश्य मलेशियाई प्रतिनिधियों की तकनीकी क्षमता का विकास करना था। कार्यक्रम का समापन 08 जुलाई, को डॉ. पी. के. गुप्ता, निदेशक, एनएचआरडीएफ के समापन उद्बोधन के साथ हुआ।

प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान प्याज उत्पादन की उन्नत तकनीकों, उन्नत किस्मों, समेकित फसल प्रबंधन, कटाई उपरांत प्रबंधन, आधुनिक भंडारण, संकर (हाइब्रिड) प्याज बीज उत्पादन तथा निर्यात की संभावनाओं पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रम में व्यवहारिक प्रशिक्षण के साथ-साथ एनएचआरडीएफ के क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र, करनाल, जो सब्जियों के उत्कृष्टता केंद्र के रूप में विकसित है, का भ्रमण भी कराया गया।

समापन सत्र के दौरान मलेशियाई प्रतिनिधियों ने एनएचआरडीएफ द्वारा आयोजित व्यापक तकनीकी कार्यक्रम एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण की सराहना की, उन्होंने प्याज उत्पादन तकनीक, गुणवत्तायुक्त बीज उत्पादन, कटाई उपरांत प्रबंधन, अनुसंधान, प्रशिक्षण एवं प्रौद्योगिकी हस्तांतरण के क्षेत्रों में भविष्य में एनएचआरडीएफ के साथ सहयोग करने में गहरी रुचि व्यक्त की।
इस अवसर पर निदेशक, एनएचआरडीएफ द्वारा प्रशिक्षण कार्यक्रम के सफल समापन पर सभी प्रतिनिधियों को प्रमाण-पत्र एवं स्मृति-चिह्न प्रदान किए गए।

समापन समारोह में डॉ. रजनीश मिश्रा, संयुक्त निदेशकय श्री मनोज कुमार श्रीवास्तव, सलाहकारय श्री राहुल डबास, वित्त सलाहकार एवं मुख्य लेखा अधिकारीय श्री संजय सिंह, वरिष्ठ सलाहकारय श्रीमती विजेता, सहायक प्रशासनिक अधिकारीय डॉ. एस. के. तिवारी, सहायक निदेशकय श्री एस. सी. तिवारी, सहायक निदेशकय डॉ. गुरदीप रत्तू, वरिष्ठ तकनीकी अधिकारीय श्री रवि शोकीन, अनुभाग अधिकारीय श्री आकाश कुमार उपाध्याय, तकनीकी अधिकारीय डॉ. राजकुमार जाट, तकनीकी अधिकारी, मुख्यालय, नई दिल्ली, तथा नासिक, करनाल एवं कोयम्बटूर केंद्रों के केंद्राध्यक्ष एवं वैज्ञानिक उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का समापन संयुक्त निदेशक (उद्यानिकी), मुख्यालय द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। उन्होंने सभी विशिष्ट वक्ताओं, प्रतिनिधियों एवं आयोजन समिति का अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम के सफल आयोजन की स्मृति में एनएचआरडीएफ के अधिकारियों एवं मलेशियाई प्रतिनिधिमंडल के साथ सामूहिक छायाचित्र भी लिए गए।


More Stories
वन महोत्सव के समापन पर स्व० कृष्ण लाल अरोड़ा की स्मृति में आरजेएस पीबीएच का 599 वां कार्यक्रम संपन्न
द्वारका पुलिस ने 150 से ज्यादा सीसीटीवी खंगालकर दबोचा शातिर चोर
सीबीपीएसी आयुर्वेद संस्थान में मनाया गया अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस
द्वारका पुलिस का बड़ा एक्शन, कुख्यात बदमाश दीपक उर्फ पोपला गिरफ्तार!
सीआरपीएफ ग्रुप केंद्र झाड़ौदा में हुई मिशन, 70 लाख पौधारोपण अभियान की शुरूआत
महापौर कार्यालय के बाहर अनुबंधित शिक्षकों का विरोध प्रदर्शन