बिहार/अनीशा चौहान/- बिहार की राजनीति में एक बार फिर भोजन को लेकर विवाद छिड़ गया है। इस बार मामला सावन के पवित्र महीने में मटन भोज आयोजित करने को लेकर गर्माया है। जदयू के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह द्वारा लखीसराय के सूर्यगढ़ा में आयोजित भोज अब सियासी बहस का केंद्र बन गया है।
मटन-चावल परोसा गया सावन में
ललन सिंह अपने संसदीय क्षेत्र के अंतर्गत सूर्यगढ़ा विधानसभा पहुंचे, जहाँ उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए विशेष भोज का आयोजन किया। इस अवसर पर बिहार सरकार के ग्रामीण कार्य मंत्री डॉ. अशोक चौधरी भी मंच पर मौजूद थे। कार्यक्रम में कई योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास भी किया गया।
ललन सिंह ने मंच से कहा – “जो सावन मानते हैं उनके लिए भी इंतज़ाम है और जो नहीं मानते, उनके लिए भी।” इसके बाद कार्यकर्ताओं को मटन-चावल का भोज परोसा गया, जिसे लेकर राजनीतिक गलियारों में बवाल मच गया है।
आरजेडी का तीखा हमला
इस भोज को लेकर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने कड़ा विरोध जताया है। पार्टी प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा “सावन के महीने में मटन पार्टी हो रही है, और बीजेपी खामोश है। यही लोग दूसरों को धर्म और संस्कृति का पाठ पढ़ाते हैं, आज इनका असली चेहरा सामने आ गया है।”
RJD नेता रोहिणी आचार्य ने भी ट्वीट कर इस आयोजन पर कटाक्ष करते हुए कविता के रूप में हमला बोला ढोंग रच-रच ढकोसले फैला… दोहरे चरित्र वाले।
राजनीति में भोजन बना विवाद का कारण
यह पहला मौका नहीं है जब भोजन राजनीति का कारण बना हो। इससे पहले तेजस्वी यादव और लालू प्रसाद यादव भी धार्मिक अवसरों पर मांसाहार को लेकर विरोधियों के निशाने पर रहे हैं।
बीजेपी और जदयू अकसर धार्मिक आस्थाओं और परंपराओं को लेकर विपक्षी नेताओं पर हमला करते रहे हैं, लेकिन अब जब सावन जैसे श्रद्धा के माह में खुद सत्ताधारी दल के नेता मटन पार्टी करते हैं, तो सवाल उठना लाजिमी है।


More Stories
मेरठ पुलिस पर मनमानी का आरोप, थाने में वीडियोग्राफी पर FIR के निर्देश से बवाल
झज्जर में होली को लेकर सख्ती, पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह ने दी शुभकामनाएं
गोल्ड-सिल्वर मार्केट में उथल-पुथल, 3 मार्च के ताजा दाम जारी
HARYANA NEWS: प्रेम प्रसंग बना हत्या की वजह, आपसी रंजिश में युवक की जान गई
“नो गन, नो गैंग”, द्वारका एएटीएस ने गैंग सहयोगी को अवैध हथियारों सहित दबोचा
शातिर वाहन चोर गिरफ्तार, तीन चोरी की स्कूटी बरामद