झारखंड में सुरक्षाबलों की बड़ी जीत: मनीष यादव ढेर, कुंदन खेरवार गिरफ्तार

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 5, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

झारखंड में सुरक्षाबलों की बड़ी जीत: मनीष यादव ढेर, कुंदन खेरवार गिरफ्तार

अनीशा चौहान/-  झारखंड के लातेहार जिले में सुरक्षाबलों को नक्सल विरोधी अभियान के तहत एक और बड़ी सफलता मिली है। सुरक्षाबलों की कार्रवाई में 5 लाख रुपये का इनामी नक्सली कमांडर मनीष यादव मारा गया, जबकि 10 लाख रुपये का इनामी कुंदन खेरवार को गिरफ्तार किया गया है। इस मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों ने दो AK-95 ऑटोमेटिक राइफलें भी बरामद की हैं। यह ऑपरेशन नक्सलवाद के खिलाफ चल रही मुहिम में एक अहम मील का पत्थर माना जा रहा है।

सुरक्षाबलों को मिली बड़ी कामयाबी

यह मुठभेड़ रविवार देर रात लातेहार जिले के मऊहादंड थाना क्षेत्र के दौना जंगल में हुई। इस ऑपरेशन को झारखंड पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने अंजाम दिया। सुरक्षाबलों की मौजूदगी की भनक लगते ही नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके जवाब में सुरक्षाबलों ने भी मोर्चा संभाला। यह मुठभेड़ पूरी रात चली। इस दौरान 5 लाख का इनामी नक्सली मनीष यादव मारा गया, जबकि 10 लाख का इनामी नक्सली कुंदन खेरवार को जिंदा पकड़ लिया गया।

कौन था मनीष यादव?

मनीष यादव भाकपा (माओवादी) संगठन का एक प्रमुख कमांडर था। उस पर लातेहार और आसपास के इलाकों में नक्सली हमलों की योजना बनाने और उन्हें अंजाम देने के आरोप थे। वह लंबे समय से सुरक्षाबलों की रडार पर था और उस पर 5 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था।

कौन है कुंदन खेरवार?

कुंदन खेरवार नक्सलियों के एक बड़े नेटवर्क का अहम हिस्सा माना जाता है। उस पर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित था। उसकी गिरफ्तारी को सुरक्षाबलों के लिए एक बड़ी रणनीतिक सफलता माना जा रहा है, क्योंकि वह नक्सली गतिविधियों के संचालन और योजना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता था।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox