दिल्ली में जल्द बढ़ेंगे प्रदुषण जांच के रेट, परिवहन विभाग रेट बढ़ाने की कर रहा तैयारी

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दिल्ली में जल्द बढ़ेंगे प्रदुषण जांच के रेट, परिवहन विभाग रेट बढ़ाने की कर रहा तैयारी

-आखिरी बार नवंबर 2011 में बढ़ाए गए थे पीयूसी जांच के रेट

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- दिल्ली सरकार का परिवहन विभाग जल्द प्रदुषण जांच के रेट बढ़ाने जा रहा है। विभाग ने इस विषय पर पूरी तैयारी कर ली है। अब वाहन मलिकों को प्रदूषण जांच कराने पर पीयूसी प्रमाणपत्र लेने के लिए 50 प्रतिशत अधिक खर्च करना पड़ सकता है। बढ़ाई गई धनराशि दोपहिया-चौपहिया समेत सभी तरह के वाहनों पर लागू होगी। परिवहन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि महंगाई दर के हिसाब से बढ़ोत्तरी की जाएगी। अगर पीयूसी संचालकों की बात मानी गई तो नई रेट दर दौगुने से भी मंहगी हो जायेगी जिससे उपभोक्ताओं को मंहगाइ्र्र की मार झेलनी पड़ेगी।

               बता दें कि पिछले 11 साल में पीयूसी जांच के रेट में कोई बदलाव नहीं हुआ है, जबकि इस बीच महंगाई कई गुना बढ़ चुकी है। ऐसे में संचालकों के लिए पीयूसी सेंटरों का संचालन घाटे का सौदा साबित होता जा रहा है। खर्च में कई गुना बढ़ोतरी होने से डीलर्स लंबे समय से रेट बढ़ाने की मांग कर रहे थे। उसी को देखते हुए परिवहन विभाग पीयूसी जांच के रेट बढ़ाने पर गंभीरता से विचार कर रहा है। परिवहन विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक महंगाई दर को ध्यान में रखते हुए नए रेट तय किए जाएंगे और कोशिश होगी कि लोगों के जेब पर ज्यादा बोझ न पड़े और डीलरो को भी नुकसान न झेलना पड़े। दिल्ली में कुल 953 पीयूसी जांच केंद्र हैं, जहां पेट्रोल-डीजल की गाड़ियों की प्रदूषण जांच की जाती है। दो पहिया की प्रदूषण जांच का रेट 60 रुपए है, जबकि पेट्रोल कारों की प्रदूषण जांच के दाम 80 रुपए और डीजल गाड़ियों की जांच के दाम 100 रुपए है। इस पर 18 प्रतिशत जीएसटी अलग से लगता है।
                परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक में दिल्ली पेट्रोल डीलर्स एसोसिएशन ने कहा है कि अब ऑयल कंपनियां पेट्रोल पंपों पर पीयूसी सेंटर चलाने की एवज में डीलरों से 10 हजार रुपए महीना अलग से लेने लगी हैं। इसके चलते पीयूसी सेंटरों का संचालन मुश्किल होता जा रहा है। एक सेंटर चलाने में करीब 70 हजार रुपए महीना खर्च करना पड़ रहा है, जबकि औसत आय 50-55 हजार रुपए ही हो रही है। इसके चलते डीलरों को लगातार नुकसान झेलना पड़ रहा है। बैठक में एसोसिएशन ने डिमांड किया है कि दो पहिया की पीयूसी जांच के दाम बढ़ाकर 150 रुपए किए जाएं, जबकि पेट्रोल कार के रेट 200 रुपए और डीजल की गाड़ियों के रेट 300 रुपए किए जाएं। इसके लिए पिछले 11 सालों के दौरान महंगाई में 65 प्रतिशत की बढ़ोतरी का हवाला दिया गया है। पीयूसी जांच के रेट आखिरी बार नवंबर 2011 में बढ़ाए गए थे।

मौजूदा दर
-60 रुपए दो पहिया वाहन का पीयूसी जांच
-80 रुपए पेट्रोल व सीएनजी कार की पीयूसी जांच
-100 रुपए डीजल वाहन की पीयूसी जांच
(18 प्रतिशत जीएसटी अलग से वसूला जाता है)

पीयूसी सेंटर संचालकों की डिमांड
-150 रुपए दो पहिया वाहन का किया जाए
-200 रुपए पेट्रोल कार
-300 रुपए डीजल वाहन का किया जाए

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