6 जनवरी को होगी नवनिर्वाचित पार्षदों की पहली बैठक, एलजी ने प्रस्ताव को दी मंजूरी

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6 जनवरी को होगी नवनिर्वाचित पार्षदों की पहली बैठक, एलजी ने प्रस्ताव को दी मंजूरी

-नगर निगम के एकीकरण के बाद एमसीडी की यह पहली बैठक

दिल्ली/- दिल्ली में हाल ही में एमसीडी चुनावों में चुने गये नवनिर्वाचित पार्षदों की पहली बैठक 6 जनवरी को होनी निश्चित हुई है। उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने एमसीडी कमिश्नर के प्रस्ताव को बुधवार शाम को मंजूरी दे दी है। नगर निगम के एकीकरण के बाद ये एमसीडी की पहली बैठक होगी।
            एलजी वी.के. सक्सेना ने दिल्ली नगर निगम अधिनियम, 1957 की धारा 73 द्वारा उन्हें प्राप्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए शुक्रवार 6 जनवरी 2023 को नवनिर्वाचित निगम की पहली बैठक बुलाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। प्रक्रिया के तहत नगर निगम के कमिश्नर ने नवनिर्वाचित निगम की पहली बैठक का प्रस्ताव शहरी विकास विभाग के पास एलजी की अनुमति लेने के लिए भेजा था। दिल्ली में नगर निगम के एकीकरण के बाद 250 सदस्यों वाले निगम की यह पहली बैठक होगी।
            एमसीडी आयुक्त द्वारा 12 दिसंबर को शहरी विकास विभाग प्रस्ताव भेजा गया था, जिसमें एमसीडी की पहली बैठक बुलाने के लिए एलजी की मंजूरी का अनुरोध किया गया था। फाइल को डिजाइन द्वारा अनुमोदित किया गया। जिसके बाद उपमुख्यमंत्री और शहरी विकास विभाग के मंत्री मनीष सिसोदिया और सीएम अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को प्रस्ताव को मंजूरी दे दी थी। जिसके बाद बुधवार को ही प्रस्ताव फाइल मिलने के बाद शाम में पहली स्वीकृति दे दी। नगर निगम के एकीकरण के द्वारा 250 निर्वाचित सदस्य पहली बार 6 जनवरी को मुलाकात करेंगे। 4 दिसंबर को हुए एमसीडी चुनावों में आम आदमी पार्टी ने तीन चार सीटों पर जीत दर्ज करते हुए बहुमत हासिल किया है। वहीं पिछले 15 साल से एमसीडी में रही भाजपा ने 104 सीटों पर जीत दर्ज की है। इसी साल की शुरुआत में दिल्ली में मौजूद पूर्वी, उत्तरी और दक्षिणी नगर निगमों का एकीकारण कर दिया गया था। परिसीमन के बाद वार्ड की संख्या 272 के घटकर 250 ही रह गई थी।

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