सावधान अब बच्चों में भी बढ़ रहा है हार्ट अटैक का खतरा

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June 26, 2026

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सावधान अब बच्चों में भी बढ़ रहा है हार्ट अटैक का खतरा

बच्चों के खानपान और दिनचर्या पर विशेष ध्यान देने की जरूरत कोरोना महामारी के बाद बच्चों में दिख रहा हर्ट अटैक की बीमारी का सब ठीक है

मानसी शर्मा /- हार्ट अटैक के मामले अब इन दिनों सिर्फ बूढ़े और बड़ों में ही नहीं बल्कि बच्चों में भी देखने को मिल रहे हैं। हार्ट अटैक का खतरा अब छोटे-छोटे बच्चों में भी देखने को मिल रहा है । आपको बता दें कि हाल ही में, गुजरात से एक दर्दनाक मामला सामने आया, जब स्कूल में लंच के दौरान एक स्टूडेंट को सीढ़ियों पर हार्ट अटैक आने से उसकी मौत हो गई।
इससे पहले भी तेलंगाना के एक गांव में 13 साल की बच्ची की भी हार्ट अटैक से मौत हो गई थी. देश में बच्चों में बढ़ती दिल की बीमारियों से हर किसी को चिंता में डाल दिया है. अभी तक बच्चों में हार्ट अटैक को लेकर माता-पिता निश्चिंत रहते थे लेकिन अब इस तरह के केस ने उन्हें भी परेशान कर दिया है।
कोरोना महामारी और लॉकडाउन की वजह से बच्चों का रूटीन पूरी तरह से खराब हो गया था। देर रात तक जगना, मोबाइल में बिजी रहना, गेम खेलना और फिर सुबह देर से उठना, ये सारी चीजें ने उनके फिजिकल और मेंटल हेल्थ को प्रभावित किया है। इस तरह की लाइफस्टाइल भी बच्चों में हार्ट अटैक का कारण बन रही है।
कुछ युवा और किशोर अनहेल्दी डाइट, फास्ट फूड और प्रोसेस्ड फूड्स का ज्यादा का सेवन करते हैं जिसके कारण उनके शरीर में जरूरी पोषक तत्वों की कमी होने लगती है। जिसकी वजह से हृदय में रक्त परिसंचार में भी कमी हो सकती है और इसकी वजह से हार्ट अटैक का खतरा बढ़ सकता है।
युवाओं में तंबाकू और अन्य नशीली पदार्थों का सेवन करने से हार्ट अटैक के मामलों में बढ़ोतरी हो रही है। धूम्रपान, तम्बाकू या अन्य नशीली पदार्थों के सेवन से हार्ट के ब्लड सर्कुलेशन पर बुरा प्रभाव पड़ता है और इससे हार्ट अटैक का खतरा बढ़ सकता है।

बच्चों में हार्ट अटैक के क्या-क्या लक्षण हो सकते हैं-
खाना खाने में परेशानी होना
सांस लेने में तकलीफ
थोड़ा सा चलने पर ही हांफने लगना
सही तरह से विकास न हो पाना
चक्कन आना, जोड़ों और छाती में दर्द
स्किन या होठों के पास नीले निशान का पड़ना

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