मुख्यमंत्री धामी ने ‘विजय पर्व’ में युवाओं को दिया आत्मनिर्भरता का संदेश

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

November 2026
MTWTFSS
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
30 
November 5, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

-कार्यक्रम में दिखा उत्साह, मेहनतकश प्रतिभाओं का सम्मान -गुरुग्राम में भव्य आयोजन

हरियाणा/उमा सक्सेना/-   हरियाणा के गुरुग्राम में आयोजित एडब्ल्यूपीएल के भव्य “विजय पर्व” कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शिरकत की। इस दौरान उन्होंने मेहनत और समर्पण से सफलता हासिल करने वाले प्रतिभागियों को सम्मानित करते हुए कहा कि यह मंच लाखों लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रहा है।

आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि प्रत्यक्ष विक्रय प्रणाली आज लोगों को आत्मनिर्भर बनाने का प्रभावी माध्यम बन चुकी है। इस मॉडल के जरिए उत्पाद सीधे उपभोक्ताओं तक पहुंचते हैं, जिससे गुणवत्ता भी बनी रहती है और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होते हैं।

युवाओं और महिलाओं को मिला नया मंच
उन्होंने युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि वे नौकरी ढूंढने वाले नहीं, बल्कि रोजगार देने वाले बनें। साथ ही उन्होंने महिलाओं की भागीदारी को सराहते हुए कहा कि इस प्रकार के मंचों के जरिए मातृशक्ति आर्थिक रूप से मजबूत हो रही है और समाज में अपनी पहचान बना रही है।

विकास और निवेश के आंकड़ों पर जोर
मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड में हो रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि राज्य में निवेश, उद्योग, स्टार्टअप और रोजगार के क्षेत्र में तेजी से वृद्धि हो रही है। उन्होंने कहा कि राज्य की अर्थव्यवस्था लगातार मजबूत हो रही है और नई योजनाओं के माध्यम से युवाओं को आगे बढ़ने के अवसर मिल रहे हैं।

स्थानीय से वैश्विक तक का सफर
उन्होंने “स्थानीय को अपनाओ, वैश्विक बनाओ” के मंत्र को दोहराते हुए कहा कि स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देना देश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाता है। इस दिशा में कई पहलें की जा रही हैं, जिससे स्थानीय उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिल रही है।

विकास और अवसरों की नई तस्वीर
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी से आह्वान किया कि वे देश को आत्मनिर्भर बनाने के संकल्प में भागीदारी निभाएं और अपने प्रयासों से राष्ट्र निर्माण में योगदान दें। यह आयोजन न केवल सम्मान का मंच बना, बल्कि प्रेरणा और नई दिशा देने वाला भी साबित हुआ।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox