बी.सी. जिंदल ग्रुप पर ईडी की छापेमारी, फेमा उल्लंघन में 13 ठिकानों पर कार्रवाई

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
May 4, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

बी.सी. जिंदल ग्रुप पर ईडी की छापेमारी, फेमा उल्लंघन में 13 ठिकानों पर कार्रवाई

नई दिल्ली/अनीशा चौहान/- प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बी.सी. जिंदल ग्रुप के डायरेक्टर्स और अधिकारियों के दिल्ली-एनसीआर और हैदराबाद स्थित 13 ठिकानों पर छापेमारी की है। यह कार्रवाई फेमा (FEMA) उल्लंघन से जुड़े मामले में की गई। बताया जा रहा है कि जिंदल इंडिया थर्मल पावर लिमिटेड और जिंदल इंडिया पावरटेक लिमिटेड द्वारा विदेशी निवेश और फंड पार्किंग को लेकर संदिग्ध गतिविधियों की जांच चल रही है।

किन कंपनियों पर है आरोप?
ईडी की जांच के दायरे में जिंदल इंडिया पावरटेक लिमिटेड और जिंदल इंडिया थर्मल पावर लिमिटेड जैसी कंपनियां हैं। आरोप है कि समूह की विदेशी इकाइयों में निवेश और फंड ट्रांसफर करते समय FEMA कानून के प्रावधानों का उल्लंघन किया गया। अधिकारियों का मानना है कि बिना अनुमति के विदेशों में धन भेजा गया और विदेशी निवेश को लेकर गड़बड़ी की गई।

कंपनी की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं
ईडी की इस छापेमारी के बाद कंपनी से टिप्पणी के लिए तुरंत संपर्क किया गया, लेकिन जिंदल ग्रुप की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया। बता दें कि बी.सी. जिंदल ग्रुप का सालाना कारोबार 18,000 करोड़ रुपये से अधिक है और यह बिजली उत्पादन क्षेत्र में एक प्रमुख कंपनी है।


फेमा यानी Foreign Exchange Management Act भारत में विदेशी मुद्रा लेनदेन को नियंत्रित करने वाला कानून है। बिना अनुमति के विदेश में पैसा भेजना, विदेशी निवेश में गड़बड़ी करना या विदेशी मुद्रा का गलत इस्तेमाल करना फेमा उल्लंघन कहलाता है। इसका मतलब है कि कोई व्यक्ति या संस्था इस कानून में निर्धारित नियमों का पालन नहीं कर रही है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox