पश्चिमी जिले में सामुदायिक संपर्क कार्यक्रम: “ड्रग्स मुक्त पश्चिमी दिल्ली”

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
June 10, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

पश्चिमी जिले में सामुदायिक संपर्क कार्यक्रम: “ड्रग्स मुक्त पश्चिमी दिल्ली”

पश्चिमी दिल्ली पुलिस ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण सामुदायिक जागरूकता कार्यक्रम की शुरुआत की है, जिसका नाम है “ड्रग्स मुक्त पश्चिमी दिल्ली”। यह पहल नशीली दवाओं के बढ़ते दुरुपयोग के खिलाफ एक कदम है, जिसमें पुलिस विभाग ने जनता को नशीली दवाओं के खतरों के बारे में जागरूक करने के लिए विभिन्न कार्यक्रमों की श्रृंखला शुरू की है।

इस अभियान का उद्देश्य विशेष रूप से युवाओं, स्कूल छोड़ चुके व्यक्तियों और अन्य समुदायों को नशीली दवाओं के दुरुपयोग के घातक परिणामों से अवगत कराना है। कार्यक्रम की शुरुआत पश्चिमी दिल्ली के विभिन्न प्रमुख स्थानों पर नुक्कड़ नाटक आयोजित करके की गई, जिनमें मायापुरी, हरिनगर, जनकपुरी, ख्याला, राजौरी गार्डन और विकासपुरी जैसे इलाके शामिल हैं। इन नुक्कड़ नाटकों का उद्देश्य समाज में नशीली दवाओं के दुरुपयोग से जुड़ी नकारात्मकता को उजागर करना था और लोगों को यह बताना था कि नशे की लत से बाहर आना संभव है।

इन नाटकों के माध्यम से दर्शकों को यह संदेश दिया गया कि नशीली दवाओं का दुरुपयोग न केवल शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए खतरे की बात है, बल्कि यह व्यक्ति को अपराध की ओर भी धकेल सकता है। नाटक में यह भी दिखाया गया कि नशे की लत अवसाद, आत्महत्या और अन्य मानसिक समस्याओं को जन्म देती है, जिससे समाज पर गहरा प्रभाव पड़ता है।

पश्चिमी दिल्ली पुलिस द्वारा आयोजित इस जागरूकता कार्यक्रम में सृष्टि पांडे, आईपीएस, एडिशनल डीसीपी-आई/पश्चिम और सामुदायिक पुलिसिंग सेल (संपर्क) ने मुख्य भूमिका निभाई। इस पहल का हिस्सा बनने वाले नागरिकों की संख्या 1000 से भी अधिक रही, जिसमें वरिष्ठ नागरिकों और अन्य समाजिक वर्गों ने भी अपनी सहभागिता दिखाई।

इसके अलावा, इस कार्यक्रम में नागरिकों को यह बताया गया कि अगर वे अपने आसपास किसी संदिग्ध नशीली दवाओं से संबंधित गतिविधियों को देखते हैं, तो वे इसे गोपनीय रूप से पुलिस को सूचित कर सकते हैं। इसके लिए विभिन्न माध्यमों से लोगों को जानकारी दी जा रही है जैसे कि पर्चे वितरित करना, सिनेमाघरों में ब्रेक के दौरान नशीली दवाओं से बचने के नंबर दिखाना और पार्कों में पोस्टर लगाना।

पश्चिमी दिल्ली पुलिस द्वारा शुरू की गई “ड्रग्स मुक्त पश्चिमी दिल्ली” पहल न केवल नशीली दवाओं के दुरुपयोग को रोकने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यह सामुदायिक पुलिसिंग की सफलता को भी दर्शाती है। पुलिस और समुदाय का मिलकर काम करना, इस अभियान की सफलता की कुंजी साबित हो सकता है। यह पहल नशा मुक्त समाज की ओर एक और सकारात्मक कदम है, जिसमें हर नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह नशीली दवाओं से न केवल खुद को बचाए, बल्कि दूसरों को भी इसके खतरों से अवगत कराए।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox