जरूरत को चाहत बनाएं, चाहत को जरूरत नहीं-दीदेवार

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जरूरत को चाहत बनाएं, चाहत को जरूरत नहीं-दीदेवार

-आरजेएस पीबीएच के वेबिनार में दीदेवार जी ने कहा -भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर आरजेसिएन्स ने दी श्रद्धांजलि -आरजेएस पीबीएच का अगला कार्यक्रम हिन्दी पत्रकारिता दिवस और अंतर्राष्ट्रीय पर्यावरण दिवस पर होगा

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- राम जानकी संस्थान(आरजेएस) द्वारा रविवारीय आरजेएस पीबीएच वेबीनार 004 स्वयं का स्वामी भाग एक “राष्ट्र प्रथम भारत एक परिवार विश्व एक घर“ की भावना के तहत आयोजित किया गया।
                आरजेएस ऑब्जर्वर दीपचंद माथुर ने दीदेवार जी का परिचय दिया। वहीं राष्ट्रीय संयोजक उदय कुमार मन्ना ने कार्यक्रम का सफल संचालन किया और कहा कि “स्वयं का स्वामी“ कार्यक्रम श्रृंखलाबद्ध किया जाएगा। अगला अंक जून 2023 में होगा। भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर आरजेसिएन्स ने दी श्रद्धांजलि 21 मई आतंकवाद विरोधी दिवस के रूप में मनाया जाता है।

                वेबिनार के मेजबान सुरजीत सिंह दीदेवार जी जो संस्थापक हैं दीदेवार जीवन ज्योति के, उन्होंने आज के मानव के जन्म की प्रक्रिया के साथ अपना संबोधन शुरू किया। उन्होने कहा कि मानव शरीर में ऊर्जा है और मानव अपना विकास आवश्यकता अनुसार कर लेता है। समय की जरूरत के हिसाब से मानव को ढ़ल जाना चाहिए। आरजेएस कार्यक्रम आयोजन समिति के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह कुशवाहा ने अपनी आवश्यकता कम कैसे करें पर प्रश्न किया। दीदेवार जी ने बताया कि मन और बुद्धि ने आवश्यकता बढ़ाई है। हमें अपनी आवश्यकता पर नियंत्रण रखना चाहिए। ज्यादा सामान दुखों का कारण है। जब हम मजबूत इच्छा शक्ति से कोई काम करते हैं तो ईश्वर भी मदद करता है।
                  उन्होंने कहा कि जरूरत को चाहत बनाएं ,चाहत को जरूरत नहीं। दीदेवार जी ने दुर्गा दास आजाद और प्रमोद कुमार अग्रवाल के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि समय के साथ धर्म को प्रगतिशील होना होगा। अंगदान समय की आवश्यकता है। उन्होंने विनीता नागपाल की जिज्ञासा का उत्तर दिया कि आज का वर्तमान ही कल का निर्माण करता है। कल कभी नहीं आता है। जो है वो वर्तमान है। आरजेएस की टेक्निकल टीम ने दीदेवार जीवन ज्योति के  कुछ स्लोगन को शेयर किया। खुद से बड़ा कोई ख़ुदा नहीं हैं, स्वयं का स्वामी बनो, स्वयं की रुचि जिस कार्य में हो जाये उसे पूरा करने में बंधन नहीं होता है, दूसरों से प्रेरित होकर रास्ता स्वयं ही अपनायें।
                 वर्तमान को सफल बनाएं, भविष्य सुनहरा होगी कार्यक्रम में विद्यार्थी आशीष रंजन, सीतामढ़ी से जुड़े। डा. ओमप्रकाश झुनझुनवाला, डा. आर. के. गुप्ता, प्रेमप्रभा झा आदि वेबीनार से जुड़े। आरजेएस राष्ट्रीय संयोजक उदय मन्ना ने बताया कि एशियन एकेडमी ऑफ फिल्म और टेलीविजन के संस्थापक अध्यक्ष संदीप मारवाह की मेजबानी में मंगलवार 30 मई 2023को आरजेएस पॉजिटिव ब्रॉडकास्टिंग हाउस का हिन्दी पत्रकारिता दिवस का कार्यक्रम मारवाह स्टूडियो में आयोजित होगा। वहीं उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में लेखक और कवि अशोक कुमार मलिक की मेजबानी में रविवार 4 जून को पर्यावरण दिवस मनाने की घोषणा की।

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