नई दिल्ली/के के सलूजा/- पश्चिमी दिल्ली के सुभाष नगर में रविवार को रावण दहन का कार्यक्रम टल गया। इससे लोगों में मायूसी छा गयी है। बताया जाता है किसी ने पुलिस को शिकायत कर दी थी। उसके हस्तक्षेप से इस कार्यक्रम को रद्द कर दिया गया। बता दें, दशहरे के दिन बारिश आने से रावण के कयी पुतले भीगने से नहीं जलने से समाज के हर वर्ग के लोगों में निराशा थी।

यहाँ हर साल मैदानों और चौराहों पर रावण के पुतलों का दहन किया जाता है। युवा समूह पुतले बनाने के लिए बाहर से कारीगर बुलाते हैं। ऐसे में पूर्व विधायक सुरेन्द्र से तिया आगे आये। उन्होंने पुनः दशहरा मनाने में पूरा सहयोग देने का वादा किया। रावण के पुतले पुनः खड़े कर दिये गये। शाम को पुलिस सूचना मिलते ही मेन मार्केट के पास पुतलों को नहीं लगाने दिया। जो लगे थे उन्हें उतार दिया गया।
इस कार्रवाई से लोगों में मायूसी छा गयी और वे अपने घरों को लौटने लगे। खास बात यह रही कि इस कार्रवाई पर कोई खुल कर नहीं बोल रहा था। ऐसे में पूर्व विधायक सुरेन्द्र से तिया आगे आये। उन्होंने पुनः दशहरा मनाने में पूरा सहयोग देने का वादा किया। रावण के पुतले पुनः खड़े करने की तैयारी शुरू हो गयी।
देर रात तक पुतले यूं ही पड़े रहे। पुलिस की कार्रवाई के बाद कार्यक्रम रद्द कर दिया गया।


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