जेएनयू में छात्र संघ और प्रशासन के बीच गतिरोध समाप्त करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
May 7, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

जेएनयू में छात्र संघ और प्रशासन के बीच गतिरोध समाप्त करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति

नई दिल्ली/अनीशा चौहान/-  जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में छात्र संघ और प्रशासन के बीच लंबे समय से चल रहे गतिरोध को समाप्त करने के लिए हाल ही में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। पिछले 15 दिनों से हड़ताल पर बैठे छात्रों और विश्वविद्यालय प्रशासन के बीच कई मुद्दों पर सहमति बन गई है। प्रशासन ने छात्रसंघ की 12 प्रमुख मांगों में से 6 को स्वीकार करने का आश्वासन दिया है। प्रमुख सहमत मुद्दे निम्नलिखित हैं:

  1. जेएनयूईई की बहाली-: प्रशासन ने जेएनयू में प्रवेश के लिए पुरानी आंतरिक परीक्षा प्रणाली, जेएनयूईई (JNU Entrance Examination), को फिर से लागू करने पर सहमति दी है।
  2. जाति जनगणना-: विश्वविद्यालय परिसर में जाति जनगणना कराई जाएगी, जिससे जातीय आधार पर डेटा संग्रहण सुनिश्चित होगा।
  3. छात्रवृत्ति में वृद्धि-: छात्रवृत्ति की राशि में इजाफा किया जाएगा, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को बेहतर समर्थन मिल सके।
  4. वाइवा वेटेज में कमी-: प्रवेश प्रक्रिया में वाइवा को दिए जाने वाले वेटेज में कमी की जाएगी, जिससे परीक्षा में पारदर्शिता बढ़ेगी।

हालांकि इन मुद्दों पर मौखिक सहमति हो चुकी है, छात्र संघ की हड़ताल अभी भी जारी है। छात्र संघ के अध्यक्ष धनंजय और पार्षद नीतीश कुमार भूख हड़ताल पर हैं, जो सोमवार को अपने 16वें दिन में प्रवेश कर गई है। दोनों नेताओं की भूख हड़ताल 11 अगस्त को शुरू हुई थी। वे प्रशासन से इन सहमत मुद्दों की लिखित पुष्टि की मांग कर रहे हैं।

छात्र संघ का रिले भूख हड़ताल और रात्रि जागरण का आह्वान
छात्र संघ ने यह भी रिपोर्ट किया है कि धनंजय का वजन 5 किलो से अधिक घट चुका है और उसकी कीटोन लेवल 4 तक पहुंच गई है, जो उसकी स्वास्थ्य स्थिति की गंभीरता को दर्शाता है। उसे पीलिया और मूत्र मार्ग संक्रमण (यूटीआई) भी हो गया है। इसके अलावा, नीतीश का वजन लगभग 7 किलो कम हो गया है और वह जोड़ों और मांसपेशियों के दर्द से पीड़ित है। छात्र संघ ने प्रशासन के प्रति अपने आक्रोश को व्यक्त करते हुए एक बयान जारी किया है, जिसमें प्रशासन के कथित गैर-जिम्मेदाराना रवैये की आलोचना की गई है। उन्होंने रिले भूख हड़ताल और रात्रि जागरण का आह्वान किया है। छात्र प्रशासन के प्रति अपनी मांगों के संदर्भ में कार्रवाई की कमी को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं और अब लिखित पुष्टि की प्रतीक्षा कर रहे हैं। वे समाधान की दिशा में प्रशासन के ठोस कदमों की आशा कर रहे हैं।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox