भारत जनसंख्या विस्फोट की राह पर, 2023 में भारत आबादी में हो जायेगा नंबर-वन

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

August 2026
M T W T F S S
 12
3456789
10111213141516
17181920212223
24252627282930
31  
August 25, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

भारत जनसंख्या विस्फोट की राह पर, 2023 में भारत आबादी में हो जायेगा नंबर-वन

-यूएन का दावा- इस साल 15 नवंबर को वैश्विक जनसंख्या हो जाएगी 8 अरब

नजफगढ़ मेट्रो न्यूज/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- देश में पहले अनेकों समस्याओं से घिरा भारत अब जनसंख्या विस्फोट की राह पर चल पड़ा है। पहले से देश में 30 प्रतिशत आबादी को भूखमरी का सामना करना पड़ रहा है और अगर ऐसे में जनसंख्या नियंत्रण पर कोई ठोस कार्यवाही नही कि गई तो देश की 50 प्रतिशत आबादी के लिए हालात मुश्किलों भरें हो जायेंगे। यूएन की एक रिपोर्ट के मुताबिक जनसंख्या विस्फोट से जूझ रहा भारत आबादी के मामले में अगले साल चीन को पछाड़ देगा। दरअसल, सोमवार को वर्ल्ड पॉपुलेशन डे के मौके पर संयुक्त राष्ट्र (यूएन) ने एक रिपोर्ट जारी की, जिसमें कहा गया है कि 2023 तक भारत दुनिया की सबसे ज्यादा आबादी वाला देश बन जाएगा।
               फिलहाल चीन की आबादी 1.426 अरब है और भारत की आबादी 1.412 अरब है। माना जा रहा है कि 2023 में भारत की जनसंख्या बढ़कर 1.429 अरब होने वाली है। साथ ही 2050 तक यह आंकड़ा 1.668 अरब तक पहुंच जाएगा। वहीं, सदी के मध्य में चीन की आबादी में गिरावट देखी जाएगी। यहां की आबादी घटकर 1.317 अरब हो जाएगी।
               यूएन का अनुमान है कि पूरे विश्व की आबादी 15 नवंबर 2022 को 8 अरब का आंकड़ा छू लेगी। हालांकि, राहत की बात यह है कि 1950 के बाद दुनिया की आबादी सबसे कम दर से बढ़ रही है। रिपोर्ट की मानें तो 2020 में आबादी बढ़ने की दर में 1 फीसदी की गिरावट आई है। ताजा अनुमान से यह भी पता चलता है कि 2030 तक विश्व की आबादी 8.5 अरब और 2050 तक 9.7 अरब का आंकड़ा पार कर लेगी। यूएन में पॉपुलेशन डिविजन के निदेशक जॉन विलमोथ ने बताया कि 2080 में जनसंख्या अपने चरम पर होगी और 10.4 अरब पर पहुंच जाएगी।
               रिपोर्ट की मानें तो 2050 तक दुनिया की आधी आबादी सिर्फ 8 देशों में होगी। इनमें कांगो, मिस्र, इथियोपिया, भारत, पाकिस्तान, नाइजीरिया, फिलिपींस और तंजानिया शामिल हैं। फिलहाल 46 विकसित देशों की आबादी सबसे ज्यादा तेजी से बढ़ रही है, जिनमें से 32 देश सब सहारा अफ्रीका के हैं। अनुमान है कि 2050 तक इस इलाके में ही दुनिया की आधे से ज्यादा आबादी रहेगी। उधर, 61 देश ऐसे भी हैं, जिनकी आबादी 2022 से 2050 के बीच घट जाएगी। इनमें सबसे ज्यादा यूरोप के देश शुमार होंगे।
               रिपोर्ट के मुताबिक फिलहाल दुनिया में 50.3 फीसदी पुरुष और 49.7 फीसदी महिलाएं हैं, लेकिन 2050 तक दोनों की ही संख्या बराबर हो जाएगी। इसके अलावा, अभी वैश्विक जनसंख्या में 65 की उम्र या उससे ज्यादा के लोगों की हिस्सेदारी 10 फीसदी है। यह 2022 से 2030 के बीच बढ़कर 12 फीसदी और 2050 तक 16 फीसदी हो जाएगी। इस दौरान यूरोप और नॉर्थ अमेरिका में हर 4 में से एक व्यक्ति की उम्र 65 साल से ज्यादा होगी।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox