सर्वदलीय बैठक में शामिल होने से महबूबा मुफ्ती नेे किया इंकार, फारूक अब्दुल्ला करेंगे गुपकार का नेतृत्व

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

June 2026
M T W T F S S
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
June 16, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

सर्वदलीय बैठक में शामिल होने से महबूबा मुफ्ती नेे किया इंकार, फारूक अब्दुल्ला करेंगे गुपकार का नेतृत्व

-केंद्र सरकार द्वारा बुलाई गई सर्वदलीय बैठक के बाद प्रदेश में सियासी हलचल हुई तेज, राजनीतिक पार्टियां कर रही विशलेषण
NM News Mahbooba Mufti

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/जम्मू/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/-प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 24 जून को जम्मू-कश्मीर को लेकर सर्वदलिया बैठक के तहत क्षेत्रिय पार्टियों से बातचीत करने जा रहे है जिसके लिए केंद्र सरकार की तरफ से 14 क्षेत्रिय नेताओ को चर्चा के लिए बुलाया गया है। हालांकि इस बैठक के लिए पीडीपी की प्रमुख महबूबा मुफ्ती को भी बुलावा भेजा गया था लेकिन पीडीपी की नेता ने सर्वदलिय बैठक में शामिल होने से इंकार कर दिया है और स्पष्ट किया है कि गुपकार का नेतृत्व करने वाले नेशनल कांफ्रेंस प्रमुख फारूक अब्दुल्ला बैठक में शामिल होंगे।
                       पीडीपी प्रवक्ता सुहैल बुखारी ने बताया कि दिल्ली में सर्वदलीय बैठक से पहले राजनीतिक मामलों की समिति(पीएसी) की आज बैठक हुई। इसमें सभी सदस्यों ने तय किया है कि इस संबंध में अंतिम फैसला महबूबा मुफ्ती ही लेंगी। उन्होंने कहा कि दो दिन में पीपुल्स एलायंस फॉर गुपकार डिक्लेरेशन की बैठक होगी। इस मामले पर वहां भी चर्चा होगी। शनिवार को जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कहा था कि इस बैठक के संबंध में उनके पास एक कॉल आई है। लेकिन अभी तक औपचारिक आमंत्रण नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि मैं उसी पर चर्चा और बैठक में भाग लेने या न लेने पर निर्णय करने के लिए कल पीएसी की बैठक करूंगी।
                        बताया जा रहा है कि यह बैठक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में होगी। जिसमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और अन्य केंद्रीय नेता रहेंगे। इस बैठक के बारे में जब माकपा नेता और पीपुल्स अलायंस फॉर गुपकार डेक्लेरेशन के प्रवक्ता एमवाई तरिगामी से पूछा गया तो उन्होंने कहा, हमें सरकार से इस बारे में कुछ नहीं कहा गया है। हालांकि अगर ऐसा कुछ होता है तो इसका स्वागत किया जाएगा। तरिगामी ने कहा, हमने केंद्र के साथ सार्थक बातचीत के लिए अपने दरवाजे कभी बंद नहीं किए हैं। इस अलायंस में नेशनल कॉन्फ्रेंस और पीडीपी भी हैं, जिसका गठन जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा हटाए जाने और उसे केंद्रशासित प्रदेश बनाए जाने के बाद किया गया था।

परिसीमन आयोग सौंपेगा अपनी रिपोर्ट
अधिकारियों ने कहा कि जम्मू और कश्मीर पुनर्गठन विधेयक के संसद में पारित होने के तुरंत बाद जस्टिस (सेवानिवृत्त) रंजना देसाई के नेतृत्व में बना परिसीमन आयोग अपने काम में तेजी लाएगा और अपनी रिपोर्ट जल्द सौंपेगा। आयोग को फरवरी 2020 में स्थापित किया गया था और इस वर्ष मार्च में एक वर्ष का विस्तार दिया गया है।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox