नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/छत्तीसगढ़/शिव कुमार यादव/ – मोदी सरकार ने जब से संसद के विशेष सत्र का ऐलान किया है तब से एक देश-एक चुनाव को लेकर फिर देशभर में चर्चा होने लगी। विपक्ष इसका विरोध कर रहा है और सरकार से इसकों लेकर सवाल पूछ रहा है। वहीं छत्तीसगढ़ के डिप्टी सीएम व कांग्रेस नेता टीएस सिंहदेव ने एक देश एक चुनाव के मुद्दे का समर्थन किया है।
मोदी सरकार ने जब से संसद के विशेष सत्र का ऐलान किया है तब से एक देश-एक चुनाव को लेकर फिर देशभर में चर्चा होने लगी. इसी कड़ी में छत्तीसगढ़ के डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव ने एक देश एक चुनाव के मुद्दे का समर्थन किया है. उन्होंने कहा, व्यक्तिगत स्तर मैं एक देश एक चुनाव का स्वागत करता हूं., यह नया नहीं, पुराना ही आइडिया है। मोदी सरकार द्वारा 18 से 22 सितंबर के बीच संसद का विशेष सत्र बुलाए जाने के बाद माना जा रहा है कि सत्र में सरकार एक देश एक चुनाव पर बिल ला सकती है।

उधर, मोदी सरकार ने पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता में ’वन नेशन, वन इलेक्शन’ पर कमेटी का भी गठन किया है। पिछले कुछ वर्षों में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक साथ लोकसभा और राज्य विधानसभा चुनावों की अवधारणा की जोरदार वकालत की है। पीएम मोदी ने पिछले महीने भी राज्यसभा में चर्चा के दौरान एक देश-एक चुनाव को समय की जरूरत बताया था। अब इस पर विचार करने के लिए रामनाथ कोविंद को जिम्मेदारी सौंपने का निर्णय सरकार की गंभीरता को दिखाता है।
कांग्रेस के लिए बढ़ेगी मुश्किल
कांग्रेस के खुद के नेता एक ओर एक देश-एक चुनाव का समर्थन कर रहे हैं लेकिन कांग्रेस यह नहीं चाहेगी कि यह बिल लागू हो। जल्द ही मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तेलांगना, मिजोरम और राजस्थान में विधानसभा चुनाव हैं। ऐसे में लोकसभा चुनाव और विधानसभा चुनाव साथ में करवाए गए तो इं.डि.या. गठबंधन के लिए संभालना मुश्किल हो जाएगा। असलियत ये है कि सभी पार्टियां अपने-अपने राज्यों में कांग्रेस की विरोधी हैं। ऐसे में विधानसभा में अलग और लोकसभा में साथ लड़ना इन दलों के लिए टेढ़ी खीर है।


More Stories
मतदाता सूची पुनरीक्षण पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी
महिला आरक्षण कानून को लेकर हलचल तेज, संसद में जल्द आ सकते हैं नए विधेयक
द्वारका पुलिस की बड़ी कामयाबी,ताबड़तोड़ कार्रवाई से मचा हड़कंप
द्वारका में पुलिस का बड़ा एक्शन: 4 बाहरी अपराधी गिरफ्तार
भोजपुरी स्टार पर लगा आरोप: महिला आयोग ने लिया संज्ञान, जांच तेज
गैस बुकिंग नियमों में बड़ा बदलाव: अब अतिरिक्त सिलिंडर के लिए बताना होगा कारण