ऋषिकेश में सड़क निर्माण को लेकर बवाल, मेयर शंभू पासवान को लोगों ने घेरा

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 3, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

ऋषिकेश में सड़क निर्माण को लेकर बवाल, मेयर शंभू पासवान को लोगों ने घेरा

-कांग्रेस नेता से सड़क पर तीखी नोकझोंक

ऋषिकेश/अनीशा चौहान/-  ऋषिकेश में शनिवार को सड़क निर्माण कार्य को लेकर बड़ा हंगामा खड़ा हो गया। मेयर शंभू पासवान और कांग्रेस नेता दीपक जाटव के बीच परशुराम चौक से लेकर सत्संग भवन गंगानगर मार्ग तक चल रहे सड़क निर्माण कार्य को लेकर तीखी नोकझोंक हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि स्थानीय लोगों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मेयर का वाहन रोककर विरोध जताया। हालात बिगड़ने पर पुलिस को मौके पर बुलाना पड़ा।


स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क निर्माण कार्य में जेसीबी से तय सीमा से अधिक खुदाई की गई है, जिससे सड़क पर गहरे गड्ढे बन गए हैं। बारिश में इन गड्ढों में पानी भरने से राहगीरों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इन्हीं समस्याओं को लेकर कांग्रेस नेता दीपक जाटव स्थानीय निवासियों के साथ मौके पर पहुंचे और मेयर शंभू पासवान से वर्क ऑर्डर दिखाने की मांग की।

मेयर के मौके पर पहुंचते ही लोगों ने गड्ढों और जलभराव की समस्या को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। जब मेयर वर्क ऑर्डर की कॉपी नहीं दिखा सके, तो लोगों की नाराजगी और बढ़ गई। इसके बाद कांग्रेस नेता दीपक जाटव और मेयर शंभू पासवान के बीच सड़क पर ही तीखी बहस शुरू हो गई। विरोध इतना बढ़ गया कि मेयर का वाहन भीड़ में फंस गया और पुलिस को मौके पर बुलाना पड़ा। पुलिस ने किसी तरह भीड़ को हटाकर मेयर को सुरक्षित निकाला।

दीपक जाटव ने आरोप लगाया कि यह कार्य बिना वर्क ऑर्डर और टेंडर के हो रहा है और मिट्टी का अवैध उठान कर लाखों रुपये में बेचा गया है। उन्होंने कहा, “अगर सब कुछ पारदर्शी होता तो मेयर मौके पर दस्तावेज दिखाकर स्थिति स्पष्ट करते।”

वहीं, मेयर शंभू पासवान ने इन आरोपों को निराधार बताया और कहा कि, “सभी कार्य नियमानुसार हो रहे हैं। वर्क ऑर्डर की कॉपी नगर निगम कार्यालय में उपलब्ध है, जिसे जाकर देखा जा सकता है।”

इस घटनाक्रम के बाद स्थानीय प्रशासन और नगर निगम की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। जनता की मांग है कि सड़क निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों पर कार्रवाई की जाए।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox