-बाथरूम से जुड़ी ये आदतें खोलती हैं आपकी सेहत का राज, न करें इनकी उपेक्षा
नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/नई दिल्ली/भावना शर्मा/- जिस तरह हम अपने खानपान का पूरा ध्यान रखते है। ठीक उसी तरह हमे अपने टॉयलेट जाने के समय का ध्यान रखना चाहिए। हमारा शरीर हमसे जुड़ी हर बिमारी का कोई न कोई संकेत जरूर देता है लेकिन अकसर हम इसे इग्नोर कर देते है। लेकिन आज हम आपको ऐसी बात बता रहे है जिसे आप इग्नोर नही कर पायेंगे। आज हम आपको टायलेट की कुछ ऐसी आदतों के बारे में बताने जा रहे हैं जो आपकी सेहत को काफी ज्यादा प्रभावित करती हैं। आइए जानते हैं इन आदतों के बारे में-
टॉयलेट जाना हमारी डाइजेस्टिव फंक्शनिंग का एक हिस्सा होता है. जिस तरह हम सभी के लिए खाना और सोना जरूरी होता है, उसी तरह बाथरूम जाना भी काफी जरूरी है। बाथरूम व टॉयलेट जाना हमारी डेली रूटीन का एक हिस्सा होता है। हर व्यक्ति की बाथरूम जाने की आदतें अलग-अलग होती हैं। कोई बाथरूम से कम टाइम में ही बाहर आ जाते हैं, जबकि कुछ लोगों को बाथरूम में काफी ज्यादा समय लगता है। ऐसे में अगर आप भी उन लोगों में से हैं जिन्हें बाथरूम में काफी ज्यादा समय लगता है या आप दिनभर में काफी ज्यादा बार बाथरूम जाते हैं तो इसका आपकी सेहत पर काफी असर पड़ है। ऐसे में आज हम आपको बाथरूम की कुछ ऐसी आदतों के बारे में बताने जा रहे हैं जो आपकी सेहत के बारे में बहुत सी चीजें बता सकती हैं।
टॉयलेट में लंबा समय बिताना-
बहुत से लोगों के लिए टॉयलेट उनका मिनी ऑफिस होता है। टॉयलेट सीट पर बैठकर ये लोग फोन का इस्तेमाल करते हैं और सभी जरूरी मेल वहीं बैठकर देखते हैं। यह आदत आपके लिए नुकसानदायक साबित हो सकती है। टॉयलेट सीट पर लंबे समय तक बैठने से मलाशय पर दबाव बढ़ता है जिससे बवासीर की बीमारी हो.सकती है। इसके अलावा समय के साथ पेल्विक मसल्स भी कमजोर होनी शुरू हो जाती हैं। टॉयलेट में देर तक बैठे रहने से हमारा शरीर लंबे समय तक मल त्याग करने का करने का आदी हो जाता है जिससे समय के साथ आपकी यह आदत और भी बढ़ जाती है। मल त्याग करने के लिए 1 से 2 मिनट का समय काफी होता है.लेकिन अगर आपको इससे ज्यादा समय लगता है तो डॉक्टर से परामर्श करें।
मल त्यागने में दिक्कत होना-
बहुत से लोगों को मल त्याग करते समय काफी ज्यादा प्रेशर लगाने की जरूरत पड़ती है लेकिन फिर भी ये लोग पूर्ण तरीके से मल त्याग.करने में असमर्थ होते हैं। ऐसे में यह कब्ज की समस्या हो सकती है। कब्ज होने के कई कारण हो सकते है जिनमें से कुछ सामान्य कारण है। फाइबर युक्त भोजन ना करना.पानी कम पीना या हेल्दी लाइफस्टाइल फॉलो ना करना. ऐसे में जरूरी है कि खानें में फाइबर युक्त चीजों को शामिल करें जैसे फल, अनाज, सब्जियां आदि. साथ ही खुद को हाइड्रेटेड रखने के लिए अधिक मात्रा में पानी का सेवन करें।
सख्त मल-
अगर आपका मल काफी ज्यादा सख्त है या मल त्याग करते समय काफी दर्द होता है तो यह कब्ज हो सकती है। ऐसे में जरूरी है कि आप इसके लिए अपने डॉक्टर से संपर्क करें। कुछ मामलों में सख्त मल निकलना डाइजेस्टिव सिस्टम में होने वाली किसी गंभीर बीमारी का लक्षण हो सकता है।
लूज मोशन या बार-बार मल त्यागना-
दिन में 2 से 3 बार बाथरूम जाना नॉर्मल माना जाता है. लेकिन अगर आप दिन में 3 से ज्यादा बार बाथरूम जाते हैं या आपको हर बा.जाने पर लूज मोशन होते हैं तो इसके पीछे कोई बड़ी दिक्कत हो सकती है। कई बार डेयरी प्रोडक्ट्स या कुछ खास चीजों का सेवन करने के बाद भी लोगों को इस समस्या का सामना करना पड़ता है। ऐसे में इन चीजों को खाने से बचें. लेकिन अगर इन चीजों को ना खाने के बाद भी आपकी यह समस्या बरकरार रहती है तो इसके लिए डॉक्टर को .जरूर दिखाएं।
मल के साथ खून आना-
कई बार कब्ज होने पर मल त्याग करते समय काफी दर्द महसूस होता है, लेकिन इसके साथ खून आना या फिरबार-बार तेज दर्द होना किसी गंभीर बीमारी जैसे कोलोन या रेक्टल कैंसर की तरफ इशारा करता है। कई बार बवासीर, मलद्वार के पास ब्लड वेसल्स में सूजन होने से भी.मल त्याग करने में काफी तकलीफ होती है। ऐसे में अगर मल त्याग करते समय आपको खून नजर आता है तो डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।


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