नजफगढ़ भूमाफियाओं के हौंसले बुलंद, नोटिस के बाद भी अवैध कालोनी में चल रहा काम

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

January 2023
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
January 30, 2023

हर ख़बर पर हमारी पकड़

नजफगढ़ भूमाफियाओं के हौंसले बुलंद, नोटिस के बाद भी अवैध कालोनी में चल रहा काम

नजफगढ़ मैट्रो न्यूज/द्वारका/नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/भावना शर्मा/- नजफगढ़ में भूमाफियाओं के हौंसले इतने बुलंद है कि एसडीएम के नोटिस के बाद ही अवैध कालोनियों में सरकारी तर्ज पर विकास कार्य करा रहे है और प्रशासन आंख बंद करे बैठा है। या यूं कहे की नजफगढ़ में मिल बांटकर अवैध कालोनियां बसाई जा रही है तो गलत नही होगा।
नजफगढ़ के रोशनपुरा वार्ड में 40 फुटा रोड़ पर खेती की जमीन में बसाई जा रही अवैध कालोनी को रोकने के लिए एसडीएम नजफगढ़ सतीश गुप्ता ने उक्त जमीन मालिकों के खिलाफ जमीन का लैंड यूज चेंज करने व जमीन में अवैध कालोनी काटे जाने को लेकर एक नोटिस जारी किया था जिसमें उस जमीन पर तुरंत अवैध गतिविधियां बंद करने के निर्देश दिये गये थे लेकिन फिर भी भूमाफिया उक्त जमीन में सड़कें, सीवर, बिजली व पानी जैसी सुविधाये देने की कोशिश कर रहे है। हालांकि अभी इस जमीन में मकान एक भी नही बना है। लेकिन उक्त सुविधायें देकर भूमाफियां प्लाटों को मंहगे दामों पर बेचने की तैयारी कर चुके है। इतना ही नही उनके इस काम में पुलिस व रेवेन्यू विभाग भी पूरा सहयोग दे रहा है। जिसकारण भूमाफिया नजफगढ़ की सूरत बिगाड़ने में लगे है। यहां बता दें कि पहले भी नजफगढ़ में अवैध कालोनियां इस कदर काटी गई थी कि नजफगढ़ पूरी दिल्ली में सबसे ज्यादा प्रदुषित क्षेत्र माना जाता है। लोगों के पास न अच्छी सुविधायें और न ही आने जाने के लिए चौड़ी सड़कें है। नजफगढ़ अवैध कालोनियों के चलते ही जाम गढ़ बना हुआ है। खेती की जमीन में धड़ाधड़ बसाई जा रही अवैध कालोनियों से क्षेत्र में अपराध भी काफी बढ़ा है। उक्त अवैध कालोनियों में प्लाॅटों के अवैध कब्जों को लेकर अकसर अपराधी बेकसूर लोगों को मार रहे है। लेकिन प्रशासन सिर्फ तमाश बीन ही बना हुआ है।


लोगों की माने तो पिछले एक साल में नजफगढ़ में करीब 100 एकड़ में अवैध कालोनियां काटी गई है। जिसमें प्रशासन कार्यवाही के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति ही करता दिखाई देता है। लोगों का तो यह भी आरोप है कि पुलिस, रेवेन्यू व निगम अधिकारियों के साथ-साथ सत्ताधारी नेता सभी भूमाफियाओं के साथ मिल बांटकर अवैध कालोनियां बसा रहे है। एक पर्यावरणविद की माने तो नजफगढ़ को सभी मिलकर आग की भट्ठी में झोंक रहे है लेकिन कोई भी इसके खिलाफ आवाज नही उठा रहा है। एनजीटी व दिल्ली के उपराज्यपाल को इस पर संज्ञान लेना चाहिए ताकि नजफगढ़ आबोहवा को बचाया जा सके। यहां सरकारी तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार नजफगढ़ वासियों व आने वाली नसलों के लिए जहर घोल रहा है फिर भी सभी चुप है। सभी अवैध कालोनियों में अपना हिस्सा ले रहे हैं और हरियाली को नष्ट होता देख रहे है।


इस संबंध मंे नजफगढ़ एसडीएम सतीश कुमार गुप्ता ने कहा कि हमने नजफगढ़ की तकरीबन 18 अवैध कालोनियों के खिलाफ कार्यवाही करते हुए न केवल उनमें डेमोलेशन की है बल्कि उन में किसी भी तरह की निर्माण की कार्यवाही को रोकने के लिए नोटिस भी जारी किये है। साथ संबंधित पुलिस थानों व एसीपी को भी इसकी सूचना दी गई है। लेकिन फिर भी अगर यह काम हो रहा है तो हम कुछ कह नही सकते की आखिर पुलिस प्रशासन इस पर कर क्या रहा है। उन्होने कहा कि पुलिस की मदद के बिना हम कुछ नही कर सकते और अगर पुलिस ही यह सब करा रही है तो रेवेन्यू विभाग क्या कर सकता है। हमने अपना काम कर दिया है। वहीं जब छावला थाना के एसएचओ ज्ञानेन्द्र राणा से इस संबंध में पूछा गया तो उन्होने कहा कि उन्हे ऐसी कोई जानकारी नही है फिर भी अगर ऐसा हो रहा है तो वह इस पर कार्यवाही करेंगे। लेकिन सूचना के बाद भी उक्त कालोनी में काम पहले की तरह ही चल रहा था। पुलिस ने न तो किसी के खिलाफ कोई कार्यवाही की और न ही वहां सीवर डालने का काम कर रही जेसीबी को अपने कब्जे में लिया। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि प्रशासन अवैध कालोनियों के मामले में किस तरह की कार्यवाही कर रहा है।

About Post Author

Subscribe to get news in your inbox