32 लाख की तिजोरी ले जाने की कॉल से पुलिस की भूमिका पर संदेह

स्वामी,मुद्रक एवं प्रमुख संपादक

शिव कुमार यादव

वरिष्ठ पत्रकार एवं समाजसेवी

संपादक

भावना शर्मा

पत्रकार एवं समाजसेवी

प्रबन्धक

Birendra Kumar

बिरेन्द्र कुमार

सामाजिक कार्यकर्ता एवं आईटी प्रबंधक

Categories

March 2026
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
March 5, 2026

हर ख़बर पर हमारी पकड़

32 लाख की तिजोरी ले जाने की कॉल से पुलिस की भूमिका पर संदेह

-पीसीआर कॉल के बाद एफआईआर दर्ज होने पर भी उठ रहे सवाल

नई दिल्ली/शिव कुमार यादव/- सट्टेबाज व इलाके के घोषित बदमाश रूस्तम के ठिकाने से 32 लाख रुपये की तिजोरी ले जाने की पीसीआर कॉल से अंबेडकर नगर थाना पुलिस फंस गई है। आरोपी की बहन द्वारा की गई कॉल पूरे दक्षिण जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है। पीसीआर कॉल होने के बाद एफआईआर दर्ज होने पर भी अब सवाल उठ रहे हैं। वहीं, दक्षिण जिले के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त अंकित चौहान इस बारे में बात करने से इंकार कर रहे हैं।
        दक्षिण जिले के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अंबेडकर नगर थाने में तैनात पुलिसकर्मी सट्टेबाज व इलाके के घोषित बदमाश रूस्तम के ठिकाने पर छापा मारने गए थे। पहले तो पुलिसकर्मी खाली हाथ लौट आए। इसके बाद पुलिसकर्मी फिर ठिकाने पर गए और सुमित व अंकित समेत चार आरोपियों को रात 12 बजे पकड़कर ले आए। इसके बाद पता लगा कि रूस्तम की तिजोरी कहीं रखी हुई है।

        अंबेडकर नगर थाने में तैनात पुलिसकर्मी इस डिजिटल तिजोरी को उठा लाए। रूस्तम की एक जानकार महिला ने अगले दिन 11 बजे पीसीआर कॉल कर दी कि पुलिस वाले तिजोरी उठाकर ले गए हैं। पीसीआर वैन मौके पर पहुंची तो वैन में तैनात पुलिसकर्मियों ने फुटेज आदि देखकर हालात डिजिटल तिजोरी ले जाने की तस्दीक की। इसके बाद अंबेडकर नगर थाने में हलचल पैदा हो गई।
        जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी अंबेडकर नगर थाने पहुंच गए। हालात देखकर व जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज किया गया। आरोपियों के पास से एक पिस्टल मिली है। सवाल इस बात पर उठ रहे हैं कि अगर सट्टेबाजों को रात में पकड़ा गया तो फिर कई घंटे बाद पर्चा क्यों दर्ज किया गया। पीसीआर कॉल होने के बाद एफआईआर क्यों दर्ज की गई। पहले मामला दर्ज क्यों नहीं किया गया।

        इसमें थानाध्यक्ष समेत थाने के नौ पुलिसकर्मियों की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, जिले के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि रूस्तम इलाके में सट्टा चला रहा था। इस कारण उसके खिलाफ कार्रवाई की गई है। बताया जा रहा है कि रूस्तम ने अंबेडकर नगर थाने की सीसीटीवी फुटेज को सुरक्षित रखवाने के लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया है। दूसरी तरफ हथियार मिलने के बावजूद गिरफ्तार चारों आरोपियों को कोर्ट ने अगले दिन ही जमानत दे दी। इस पर दिल्ली पुलिस की जांच पर सवाल उठ रहे हैं।

About Post Author

आपने शायद इसे नहीं पढ़ा

Subscribe to get news in your inbox